आज के छात्रों के हाथों में होगी 2047 के विकसित भारत की बागडोर : विधायक मनीष जायसवाल
कुशीनगर-: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा प्रदेश के छात्र-छात्राओं के खातों में डीबीटी के माध्यम से छात्रवृत्ति राशि अंतरित करने के कार्यक्रम का लाइव प्रसारण आज पडरौना स्थित भारतीय इंटरमीडिएट कॉलेज में किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं को समारोहपूर्वक छात्रवृत्ति प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
समारोह के मुख्य अतिथि सदर विधायक मनीष जायसवाल ने कहा कि आज के विद्यार्थी ही 2047 के विकसित भारत की बागडोर संभालेंगे। विद्यार्थियों के सपनों और प्रतिभा को सही दिशा देने में शिक्षा की अहम भूमिका है। सरकार छात्रवृत्ति जैसी योजनाओं से आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को आगे बढ़ने का मौका दे रही है ताकि वे बिना बाधा के पढ़ाई जारी रख सकें।
अध्यक्षता करते हुए विद्यालय के प्रबंध निदेशक एनपी कुशवाहा ने कहा कि शिक्षा सिर्फ आर्थिक-सामाजिक विकास का माध्यम नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति समर्पित योग्य नागरिकों का भी निर्माण करती है। छात्रवृत्ति आर्थिक मदद के साथ मनोबल भी बढ़ाती है। उन्होंने छात्रों को लक्ष्य बनाकर अनुशासन और परिश्रम से आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम का स्वागत प्रशासनिक अधिकारी शत्रुघ्न जायसवाल और विशाल शुक्ला ने किया। संचालन प्रवक्ता आरके भट्ट और इब्राहिम अंसारी ने किया।
इस मौके पर जिला समाज कल्याण अधिकारी रामाशंकर यादव, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी भरत लाल गोंड, प्रधानाचार्य रामस्वरूप गुप्त सहित विद्यालय परिवार के शिक्षक और सैकड़ों छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा प्रदेश के छात्र-छात्राओं के खातों में डीबीटी के माध्यम से छात्रवृत्ति राशि अंतरित करने के कार्यक्रम का लाइव प्रसारण आज पडरौना स्थित भारतीय इंटरमीडिएट कॉलेज में किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं को समारोहपूर्वक छात्रवृत्ति प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
समारोह के मुख्य अतिथि सदर विधायक मनीष जायसवाल ने कहा कि आज के विद्यार्थी ही 2047 के विकसित भारत की बागडोर संभालेंगे। विद्यार्थियों के सपनों और प्रतिभा को सही दिशा देने में शिक्षा की अहम भूमिका है। सरकार छात्रवृत्ति जैसी योजनाओं से आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को आगे बढ़ने का मौका दे रही है ताकि वे बिना बाधा के पढ़ाई जारी रख सकें।
समारोह के मुख्य अतिथि सदर विधायक मनीष जायसवाल ने कहा कि आज के विद्यार्थी ही 2047 के विकसित भारत की बागडोर संभालेंगे। विद्यार्थियों के सपनों और प्रतिभा को सही दिशा देने में शिक्षा की अहम भूमिका है। सरकार छात्रवृत्ति जैसी योजनाओं से आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को आगे बढ़ने का मौका दे रही है ताकि वे बिना बाधा के पढ़ाई जारी रख सकें।