शिक्षा और खेल के समन्वय से विद्यार्थियों का होगा सर्वांगीण विकास
प्रयागराज। राष्ट्रीय खेल उत्थान परिषद, प्रयागराज एवं कुलभास्कर आश्रम पीजी कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में प्रोफेसर प्रभु कुमार पचैरी की 93वीं जयंती पर आयोजित 9वें अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन एवं पुरस्कार समारोह-2026 का प्रथम दिवस शैक्षणिक एवं तकनीकी सत्रों के साथ संपन्न हुआ। सम्मेलन में शिक्षा और खेल के समन्वय से विद्यार्थियों के बौद्धिक, शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं नैतिक विकास पर विचार-विमर्श किया गया।
उद्घाटन सत्र के मुख्य अतिथि काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू), वाराणसी के कृषि विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. वीके मिश्रा रहे। अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील दत्त कौटिल्य ने की। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. (डॉ.) गीतांजलि मौर्य ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। मुख्य वक्ता डॉ. राकेश तोमर ने शिक्षा एवं खेल से जुड़े महत्वपूर्ण विचार प्रस्तुत किए। डॉ. आदेश कुमार वर्मा ने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में खेल की भूमिका पर प्रकाश डाला।
तकनीकी सत्रों में देश-विदेश के शिक्षाविदों एवं शोधकर्ताओं ने अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए। प्रथम सत्र का संचालन प्रो. के. चैबे ने किया, जबकि दूसरे सत्र का संचालन डॉ. हुजैफा सगीर ने किया। विभिन्न वक्ताओं ने अपने शोध और अकादमिक अनुभवों के माध्यम से सम्मेलन की विषयवस्तु को समृद्ध किया।
कार्यक्रम के अंत में सम्मेलन के संयोजक एवं राष्ट्रीय खेल उत्थान परिषद के अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) पवन कुमार पचैरी ने अतिथियों, वक्ताओं और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। सम्मेलन का प्रथम दिवस शिक्षा, खेल और शोध के माध्यम से विद्यार्थियों के समग्र विकास पर सार्थक संवाद के साथ संपन्न हुआ।
उद्घाटन सत्र के मुख्य अतिथि काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू), वाराणसी के कृषि विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. वीके मिश्रा रहे। अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील दत्त कौटिल्य ने की। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. (डॉ.) गीतांजलि मौर्य ने अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। मुख्य वक्ता डॉ. राकेश तोमर ने शिक्षा एवं खेल से जुड़े महत्वपूर्ण विचार प्रस्तुत किए। डॉ. आदेश कुमार वर्मा ने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में खेल की भूमिका पर प्रकाश डाला।
तकनीकी सत्रों में देश-विदेश के शिक्षाविदों एवं शोधकर्ताओं ने अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए। प्रथम सत्र का संचालन प्रो. के. चैबे ने किया, जबकि दूसरे सत्र का संचालन डॉ. हुजैफा सगीर ने किया। विभिन्न वक्ताओं ने अपने शोध और अकादमिक अनुभवों के माध्यम से सम्मेलन की विषयवस्तु को समृद्ध किया।
कार्यक्रम के अंत में सम्मेलन के संयोजक एवं राष्ट्रीय खेल उत्थान परिषद के अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) पवन कुमार पचैरी ने अतिथियों, वक्ताओं और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। सम्मेलन का प्रथम दिवस शिक्षा, खेल और शोध के माध्यम से विद्यार्थियों के समग्र विकास पर सार्थक संवाद के साथ संपन्न हुआ।