तीन दिवसीय प्रशिक्षण के समापन पर शैक्षिक गुणवत्ता, नेतृत्व और प्रशासनिक दक्षता पर जोर
KAUSHAMBI NEWS: जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) मंझनपुर में उच्च प्राथमिक विद्यालयों व संविलयन विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के लिए आयोजित तीन दिवसीय समर्थ माड्यूल आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम का बुधवार को समापन हुआ। प्रशिक्षण में विकासखंड चायल, नेवादा, कौशांबी व सरसवां के 25-25 प्रधानाध्यापकों सहित कुल 100 प्रधानाध्यापकों ने प्रतिभाग किया। प्रशिक्षण का शुभारंभ निधि शुक्ला, उप शिक्षा निदेशक व प्राचार्य, डायट व अनूप कुमार गुप्ता, वरिष्ठ प्रवक्ता, डायट ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलन कर किया था। तीन दिनों तक चले प्रशिक्षण में प्रधानाध्यापकों के शैक्षिक, प्रशासनिक, वित्तीय व नेतृत्व संबंधी कौशलों को विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया।
प्रशिक्षण के प्रथम सत्र में धीरज कुमार ने प्रतिभागियों का पंजीकरण व प्री-टेस्ट कराया। इसके बाद प्रशिक्षण के उद्देश्यों और प्रधानाध्यापक के विद्यालयीय दायित्वों पर चर्चा की गई। प्रमोद सेठ ने अंतर्विभागीय समन्वय व संयोजन में प्रधानाध्यापक की भूमिका और दायित्व विषय पर जानकारी देते हुए विभिन्न विभागों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर विद्यालयी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया। अंतिम दिवस के सत्रों में प्रधानाध्यापकों के स्व-विकास, नेतृत्व क्षमता, प्रशासनिक दक्षता, प्रबंधन कौशल व प्रारंभिक हस्तक्षेप व विभिन्न युक्तियों से संबंधित विषयों पर मार्गदर्शन दिया गया। प्रतिभागियों ने विद्यालय संचालन में आने वाली व्यावहारिक समस्याओं को साझा किया और उनके समाधान पर विचार-विमर्श किया। समापन अवसर पर अनूप कुमार गुप्ता ने कहा कि प्रधानाध्यापक विद्यालय परिवर्तन के प्रमुख वाहक होते हैं। प्रभावी नेतृत्व के माध्यम से विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता, नवाचार और सकारात्मक वातावरण को नई दिशा दी जा सकती है। उन्होंने प्रशिक्षण में प्राप्त ज्ञान व अनुभवों को विद्यालय स्तर पर लागू करने का आह्वान किया। डायट प्राचार्य ने कहा कि प्रशिक्षण का उद्देश्य प्रधानाध्यापकों को विद्यालय प्रबंधन व नेतृत्व की बेहतर समझ प्रदान करना है। प्रशिक्षण से मिली जानकारियों का प्रभावी उपयोग विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण वातावरण के निर्माण में किया जाना चाहिए। प्रशिक्षण के दौरान डायट के संदर्भदाताओं व प्रवक्ताओं ने विभिन्न विषयों पर जानकारी दी। समापन अवसर पर डायट कौशांबी के समस्त संदर्भदाता, प्रवक्ता एवं संस्था प्रमुख उपस्थित रहे।







