मोहर्रम खत्म होते ही जश्न की सजी महफिलें-लाल पिले रंग में नज़र आए हुसैनी
PRAYAGRAJ NEWS: दो माह और आठ दिनों की अज़ादारी खत्म होने पर विभिन्न मातमी अन्जुमनों की ओर से जश्न की महफिलें सजीं तो उलेमा ने ईद ए ज़हरा व ताजपोशी ए इमाम ए ज़माना पर तफसीली फज़ाएल बयान किया। शायरों ने जहां अपने कलाम से गुदगुदाया और हंसाया तो वहीं बच्चों से मज़हबी सवालात पूछने और सही जवाब देने वालों को पुरस्कृत भी किया गया। बख्शी बाज़ार स्थित इमामबाड़ा नाज़िर हुसैन में अन्जुमन गुन्चा ए कासिमया की ओर से महफिल सजी। जिसमें शायर हाशिम बांदवी, पासबां हैदर,जावेद करारवी,मुज्तबा हैदर,हैदर मेंहदी,रिज़वान जव्वादी, नजीब इलाहाबादी,शफक़त अब्बास पाशा आदि ने एक से बढ़ कर एक क़सीदे पढ़े। रानीमंडी नवाब आज़म हुसैन में अन्जुमन अब्बासिया और मीर हुसैनी में अन्जुमन हैदरिया की ओर से सजी महफिल में शायरों का जमावड़ा लगा। गदीर हैदर के अज़ाखाने पर अन्जुमन शब्बीरिया व दरियाबाद में अन्जुमन हाशिमया, अन्जुमन हुसैनिया कदीम, अन्जुमन असगग़रिया, अन्जुमन मोहाफिजे अज़ा क़दीम, अन्जुमन नकविया, अन्जुमन हैदरी व अन्जुमन मोहाफिजे अज़ा दरियाबाद की ओर से मुख्तलिफ जगहों पर जहां महफिल सजी वहीं अन्जुमन के ओहदेदारों नौहाख्वानो शायरों व मोहर्रम के मातमी कार्यक्रम को सफल बनाने वालों को सम्मानित करने के साथ तोहफा भी दिया गया। महिलाओं ने भी घरों में महफ़िल सजाई और ईद ए जहरा पर रंगीन वस्त्र धारण करने के साथ चूड़ियां भी पहनी और हांथों में मेंहदी भी लगाई।घरों में मीठे पकवान बने तो दो महिना आठ दिन से रुकी रस्म के तहत चुल्हे पर कढ़ाई चढ़ा कर पकौड़ी पापड़ व गुलगुले भी बने देर सैय्यद मोहम्मद अस्करी के अनुसार देर रात तक जश्न की महफ़िल के साथ खाने खिलाने का दौर चलता रहा।अन्जुमन के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी के अनुसार दो माह और आठ दिनों के बाद अब बधाई संदेश देने और शादी विवाह व जन्मदिन समारोह अब शुरु हो जाएंगे। महफ़िल में मौलाना सैय्यद रजी हैदर रिज़वी, मौलाना सैय्यद जवादुल हैदर रिज़वी, डॉ रिज़वान हैदर रिज़वी, मौलाना आमिरुर रिज़वी, मौलाना जरगाम हैदर, मौलाना मोहम्मद ताहिर, शायर ए अहलेबैत रौनक सफीपुरी, हाजी हसन नक़वी, मिर्ज़ा काजिम अली, मिर्जा अज़ादार हुसैन, नजीब इलाहाबादी, वकार हुसैन, शायर ज़मीर भोपतपुरी, मिर्जा सिकंदर आदि शामिल रहे।







