निरीक्षण भवन में आयोजित जनसुनवाई में पांच शिकायतें पहुंचीं, लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के दिए निर्देश
FATEHPUR NEWS: उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य अंजू प्रजापति की अध्यक्षता में मंगलवार को लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के निरीक्षण भवन में महिला जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आई महिलाओं ने अपनी समस्याएं और शिकायतें आयोग के समक्ष रखीं। आयोग की सदस्य ने सभी शिकायतों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। जनसुनवाई के दौरान कुल पांच शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें से एक शिकायत का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष चार शिकायतों को संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए अग्रसारित किया गया। आयोग की सदस्य ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी मामलों का गुणवत्तापूर्ण एवं प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि शिकायतकर्ताओं को समय पर न्याय मिल सके। इसके बाद अंजू प्रजापति ने पिछली जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों और उनके निस्तारण की प्रगति की भी समीक्षा की। समीक्षा के दौरान उन्होंने लंबित प्रकरणों पर नाराजगी जताते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी लंबित मामलों का प्रभावी और समयबद्ध निस्तारण किया जाए तथा अनावश्यक विलंब से बचा जाए। जनसुनवाई के दौरान महिलाओं को उनके संवैधानिक और विधिक अधिकारों की जानकारी भी दी गई। साथ ही महिला सुरक्षा, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना, बाल विवाह, महिला संरक्षण से जुड़े कानूनों और केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराई गई। इस अवसर पर राज्य महिला आयोग की सदस्य अंजू प्रजापति ने कहा कि सरकार की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र महिला तक शत-प्रतिशत पहुंचाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रभावी प्रयास किए जाने चाहिए, ताकि वे सामाजिक और आर्थिक रूप से सशक्त बन सकें। जनसुनवाई के उपरांत अंजू प्रजापति ने वन स्टॉप सेंटर का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वन स्टॉप सेंटर में आने वाली महिलाओं एवं बालिकाओं को सभी अनुमन्य सेवाएं, कानूनी सहायता, परामर्श और अन्य आवश्यक सहयोग पूरी संवेदनशीलता एवं तत्परता के साथ उपलब्ध कराया जाए, जिससे पीड़ित महिलाओं को तत्काल राहत मिल सके। कार्यक्रम में नायब तहसीलदार सदर, महिला थाना प्रभारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी कार्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।







