नेपाल में पकड़ा चोर, भारत में दिखाई गिरफ्तारी! पुलिस की कार्रवाई पर उठे सवाल
वीडियो में नेपाल, प्रेस नोट में भारत! बाइक चोरी मामले में पुलिस पर गंभीर आरोप
बाइक चोर नेपाल में पकड़ा गया या भारत में? पीड़ित के दावों से घिर गई पुलिस
KUSHINAGAR NEWS: नेबुआ नौरंगिया थाना क्षेत्र में हुई बाइक चोरी के मामले में पुलिस की कार्रवाई सवालों के घेरे में आ गई है। पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया है कि नेपाल से चोरी की बाइक के साथ पकड़े गए कथित आरोपी को पुलिस अपने साथ भारत लाई, लेकिन बाद में पूरे घटनाक्रम का स्वरूप बदल दिया। आरोप है कि पुलिस ने पीड़ित से उसकी मर्जी के खिलाफ अज्ञात के विरुद्ध तहरीर लिखवाकर मुकदमा दर्ज कराया और आरोपी की गिरफ्तारी नेपाल के बजाय थाना क्षेत्र से दर्शा दी। मामले को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। नेबुआ रायगंज निवासी गोविंद गुप्ता के अनुसार उनकी बाइक सोमवार शाम शराब भट्ठी के पास से चोरी हो गई थी। सूचना देने के बावजूद तत्काल प्रभावी कार्रवाई नहीं होने पर परिजन स्वयं नेपाल के नवलपरासी जिले पहुंचे। वहां एक चौराहे पर चोरी की बाइक के साथ एक युवक को पकड़ लिया गया। पूछताछ में उसने एक अन्य साथी के शामिल होने की बात भी बताई। इसके बाद उसे बेलाटारी थाना पुलिस के हवाले कर दिया गया। पीड़ित का कहना है कि सूचना मिलने पर नेबुआ नौरंगिया थाने के एक दरोगा और एक कस्टेबल नेपाल पहुंचे तथा वहां की पुलिस के साथ पूछताछ की। इसी दौरान आरोपी और बाइक को नेपाल से भारत लाने का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।आरोप है कि बाद में पुलिस ने पूरे घटनाक्रम को बदलते हुए शुक्रवार देर रात पीड़ित के घर पहुंचकर दबाव बनाया और पहले से तैयार तहरीर पर हस्ताक्षर करा लिए, जिसमें किसी आरोपी का नाम नहीं था। पीड़ित का आरोप है कि शनिवार को अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर प्रेस नोट जारी किया गया, जबकि आरोपी की गिरफ्तारी थाना क्षेत्र से दिखाई गई। पीड़ित का दावा है कि घटना की शुरुआत से लेकर अंतिम कार्रवाई तक का पूरा घटनाक्रम उसके पास वीडियो और फोटो के रूप में सुरक्षित है। उसका कहना है कि नेपाल में आरोपी के पकड़े जाने, वहां की पुलिस से बातचीत, आरोपी व बाइक को भारत लाने सहित पूरे घटनाक्रम के दृश्य साक्ष्य उसके पास मौजूद हैं, जिन्हें वह जांच एजेंसियों के समक्ष प्रस्तुत करने को तैयार है।पीड़ित ने मुख्यमंत्री, पुलिस महानिदेशक, मानवाधिकार आयोग और पुलिस अधीक्षक को शिकायत भेजकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच तथा दोषी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराई जाए तो वास्तविक घटनाक्रम सामने आ सकता है।







