PRATAPGARH NEWS: विकासखण्ड लक्ष्मणपुर अन्तर्गत रामपुर भेड़ियानी मंे चल रही श्रीराम कथा के छठें दिन अयोध्या से पधारे कथाव्यास गायत्री नंदन महराज के मुखारबिंद से श्रीराम महिमा का बखान सुन श्रद्धालु भावविभोर हो उठे दिखे। कथा प्रसंग में कथाव्यास ने बताया कि भगवान श्रीराम ने ताडका, सुबाहु का वध किया। अहिल्या का उद्धार करने के बाद गुरू विश्वामित्र के साथ जनकपुर पहुंचे। कथाव्यास ने बताया कि जनकपुर में पुष्पवाटिका में भगवान श्रीराम व माता सीता ने एक दूसरे को देख मन ही मन अपना मान लिया। कथाव्यास गायत्री नंदन ने बताया कि धनुष यज्ञ में भगवान राम ने धनुष भंग कर माता सीता के साथ वैवाहिक रश्म पूर्ण किया। भगवान श्रीराम के विवाह को लेकर कथा में मौजूद महिलाओं ने मंगलगीत गाये। वहीं भगवान श्रीराम के भजनों से पाण्डाल और भक्तिमय हो उठा दिखा। कथा का संयोजन पं0 श्यामशंकर पाण्डेय ने किया। आयोजन समिति के अध्यक्ष शिव नारायण पाण्डेय, महामंत्री शिव त्रिपुरारि पाण्डेय, कृष्णदेव शुक्ल, दुर्गा प्रसाद शुक्ल, ओमप्रकाश त्रिपाठी ने श्रद्धालुओं का आभार जताया। इस मौके पर प्रशांत भूषण मिश्र, आस्तिक दुबे, अरूण कुमार शुक्ल, उमेश पाण्डेय, अरूण पाण्डेय, विमलेश तिवारी, डॉ0 राजेशचंद्र पाण्डेय, डॉ0 गिरीशचंद्र पाण्डेय, केदारनाथ शुक्ल, तंुगनाथ पाण्डेय, अनुज त्रिपाठी, बटेश्वर तिवारी, लल्लन पाण्डेय, महेन्द्र शुक्ल, राजेन्द्र पाण्डेय, विमल मिश्र, रामकिशुन दुबे आदि मौजूद रहे।







