FATEHPUR NEWS: गुरुद्वारा गुरु सिंह सभा फतेहपुर में शुक्रवार को सिखों के आठवें गुरु, श्री गुरु हरकिशन साहिब जी का 369वां प्रकाश पर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर संगत ने गुरु साहिब के जीवन, उपदेशों और मानव सेवा के संदेश को स्मरण करते हुए अरदास की तथा उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में ज्ञानी प्रीतम सिंह ने गुरु हरकिशन साहिब के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ‘बाल गुरु’ के रूप में विख्यात गुरु साहिब ने मात्र आठ वर्ष की आयु में गुरु गद्दी को सुशोभित किया और अपने अल्प जीवन में निस्वार्थ सेवा, धैर्य, करुणा और परोपकार का ऐसा आदर्श प्रस्तुत किया, जो आज भी पूरी मानवता के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में फैली चेचक की महामारी के दौरान गुरु हरकिशन साहिब ने स्वयं की परवाह किए बिना पीड़ित लोगों की सेवा की। उनका संपूर्ण जीवन मानव कल्याण, सेवा और त्याग को समर्पित रहा। इस अवसर पर संगत ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब की पावन वाणी श्री हरकिशन धियाइए, जिस डीठें सब दुख जाए का स्मरण करते हुए गुरु साहिब के चरणों में नतमस्तक होकर सुख-समृद्धि एवं विश्व कल्याण की अरदास की। प्रकाश पर्व के अवसर पर श्रद्धालुओं ने गुरु साहिब के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने तथा समाज में प्रेम, भाईचारा और सेवा की भावना को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। इस दौरान जतिंदर पाल सिंह, चरनजीत सिंह, परमजीत सिंह, परविंदर सिंह सोनी, सुरिंदर सिंह, मंजीत सिंह, नरिंदर सिंह रिंकू, वरिंदर सिंह पवी, सरनपाल सिंह, सतपाल सिंह, हरमंगल सिंह, गुरमीत सिंह, जसवीर सिंह बंटी, हरमिंदर सिंह, सेठी सहित बड़ी संख्या में संगत उपस्थित रही। महिलाओं में हरजीत कौर, ईशर कौर, ज्योति मलिक, मंजीत कौर, सतबीर कौर, हरविंदर कौर, प्रभजीत कौर, कुलवीर कौर, वरिंदर कौर और खुशी कौर सहित अनेक श्रद्धालुओं ने कार्यक्रम में सहभागिता की।







