अपर जिला मजिस्ट्रेट विनय पाण्डेय ने 29 अगस्त से 28 अक्टूबर तक पूरे जिले में लागू किया आदेश
FATEHPUR NEWS: आगामी जन्माष्टमी, नवरात्रि, विजयदशमी, दशहरा और प्रतियोगी परीक्षाओं को देखते हुए जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए हैं। अपर जिला मजिस्ट्रेट विनय पाण्डेय ने यह आदेश 29 अगस्त से 28 अक्टूबर 2026 तक पूरे जिले में लागू किया है। आदेश के तहत सार्वजनिक स्थानों पर चार से अधिक अनधिकृत लोगों के एक साथ एकत्र होने पर रोक रहेगी। किसी भी जुलूस, सभा, रैली या सार्वजनिक कार्यक्रम के लिए सक्षम अधिकारी से अनुमति लेना जरूरी होगा। बिना अनुमति लाउडस्पीकर, डीजे और अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग भी नहीं किया जा सकेगा। प्रशासन ने धर्म, जाति, समुदाय या भाषा के आधार पर आपसी नफरत और तनाव फैलाने वाली बातों के प्रचार-प्रसार पर रोक लगाई है। अफवाह फैलाने वाले संदेश, पोस्टर, बैनर और आपत्तिजनक सामग्री के प्रचार पर भी कार्रवाई की जाएगी। सोशल मीडिया ग्रुप एडमिन को भी भड़काऊ और अफवाह वाली पोस्ट पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। सार्वजनिक स्थानों पर हथियार, लाठी-डंडा, चाकू, तलवार और अन्य धारदार वस्तुएं लेकर चलने पर प्रतिबंध रहेगा। हालांकि ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों-कर्मचारियों और धार्मिक कारणों से निर्धारित शस्त्र रखने वाले सिख समुदाय के लोगों को इससे छूट दी गई है। आदेश में रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों के इस्तेमाल पर भी रोक लगाई गई है। सार्वजनिक स्थानों पर शराब, पान, गुटखा और तंबाकू का सेवन करने तथा गंदगी फैलाने पर भी कार्रवाई की जाएगी। प्रतियोगी परीक्षाओं को देखते हुए परीक्षा केंद्रों के आसपास ध्वनि विस्तारक यंत्रों के प्रयोग पर रोक रहेगी। परीक्षार्थियों को मोबाइल फोन, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति नहीं होगी। परीक्षा केंद्रों के आसपास परीक्षा अवधि में फोटोकॉपी और स्कैनर के संचालन पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। मुद्रक, प्रकाशक और स्टेशनरी विक्रेताओं को परीक्षार्थियों को गुमराह करने वाली सामग्री का प्रकाशन, बिक्री या वितरण नहीं करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही सरकारी कर्मचारियों को डराने-धमकाने या नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। प्रशासन ने कहा है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। यह प्रतिबंधात्मक आदेश 28 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेगा।







