KUSHINAGAR NEWS: तेज धूप और लू जैसी हवाओं ने गुरुवार को पडरौना का हाल बेहाल कर दिया। तापमान चरम पर पहुंचते ही दोपहर में सड़कों पर चहल-पहल कम हो गई और लोग चेहरा ढककर, छतरी लगाकर निकलने को मजबूर दिखे।
फोटो में साफ दिख रहा है कि राहगीर दुपट्टे, स्कार्फ और छतरी का सहारा ले रहे हैं। महिलाएं सिर और मुंह ढककर चल रही हैं, वहीं कई लोग पानी की बोतल साथ लेकर गर्मी से बचने की कोशिश कर रहे हैं। बाजार के दुकानदार भी ग्राहकों की कमी से परेशान हैं। दोपहिया चालक सीट पर गीला कपड़ा डालकर चल रहे हैं, और ई-रिक्शा में बैठने वाले भी पसीने से तर-बतर हो जा रहे हैं। गर्मी का असर रोजमर्रा के कामकाज पर भी दिखा। मजदूर, ठेला चालक और रिक्शा चालक दोपहर में काम बंद कर छांव में बैठे रहे। स्कूल-कॉलेज जाने वाले छात्र भी सिर पर रुमाल रखकर निकले। शीतल पेय, नींबू पानी और नारियल पानी की बिक्री अचानक बढ़ गई। कई जगह पानी की बोतलें हाथों-हाथ बिक गईं। कृषि पर भी गर्मी का दबाव बढ़ रहा है। खेतों में काम कर रहे किसानों का कहना है कि दोपहर में फसलें मुरझा रही हैं और सिंचाई की जरूरत बढ़ गई है। पशुपालकों को भी मवेशियों के लिए बार-बार पानी की व्यवस्था करनी पड़ रही है। नगर में पानी की टंकियों के पास भीड़ देखी गई।
जिलाधिकारी के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग
स्वास्थ्य विभाग ने अलर्ट जारी किया है। सीएमओ ने कहा कि लू और डिहाइड्रेशन के मामले बढ़ सकते हैं। अपील की गई कि दोपहर 12 से 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें। बाहर जाएं तो सिर ढकें, खूब पानी पिएं, हल्के सूती कपड़े पहनें। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों का विशेष ध्यान रखें। लू लगने पर तुरंत छांव में जाएं, गीला कपड़ा रखें और ओआरएस या नींबू पानी पिलाएं। वही कुशीनगर जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर ने जनपद के बस स्टैंड, अस्पताल और चौराहों पर प्याऊ की व्यवस्था बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। नगर पालिका को सार्वजनिक जगहों पर पानी का छिड़काव करने को कहा गया है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे तक गर्मी से बड़ी राहत की संभावना नहीं है। लोगों से सावधानी बरतने की अपील की गई है।







