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किसानों की समस्याओं को लेकर भाकियू टिकैत ने सौंपा ज्ञापन, एमएसपी व राहत पैकेज की मांग

राष्ट्रपति को संबोधित पत्र डीएम को दिया, क्रय केंद्रों की व्यवस्था और नीतियों में बदलाव की उठाई मांग
FATEHPUR NEWS: भारतीय किसान यूनियन (महात्मा टिकैत) के जिलाध्यक्ष मधुसूदन तिवारी के नेतृत्व में किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से केंद्र व राज्य सरकारों का ध्यान किसानों की गंभीर समस्याओं की ओर आकर्षित करते हुए उनके समाधान की मांग की गई। ज्ञापन में प्रमुख रूप से रबी सीजन की फसलों, विशेषकर गेहूं और सरसों की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीद सुनिश्चित करने की मांग की गई। साथ ही हरियाणा सरकार द्वारा लागू की गई जटिल प्रक्रियाओं, जैसे गेट पास के लिए बायोमेट्रिक सत्यापन और ट्रैक्टर-ट्रॉली पर नंबर प्लेट के साथ फोटो अपलोड करने की अनिवार्यता को अव्यवहारिक बताते हुए तत्काल प्रभाव से वापस लेने की मांग उठाई गई। किसानों ने यह भी मांग की कि गेहूं क्रय केंद्र न्याय पंचायत स्तर पर स्थापित किए जाएं, क्योंकि शहरों में स्थापित केंद्रों पर कर्मचारियों और व्यापारियों की सांठगांठ के चलते किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल पाता है और व्यापारियों का माल प्राथमिकता से खरीदा जाता है। वहीं आलू के गिरते दामों को लेकर भी किसानों ने चिंता जताई और कहा कि उन्हें लागत मूल्य तक नहीं मिल पा रहा है, जिससे आर्थिक संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इसको देखते हुए आलू उत्पादक किसानों के लिए विशेष राहत पैकेज और उचित मूल्य पर खरीद सुनिश्चित करने की मांग की गई। इसके अलावा भारत-अमेरिका प्रस्तावित व्यापार समझौते में कृषि, डेयरी और पोल्ट्री क्षेत्रों को शामिल न करने तथा विदेशी कृषि उत्पादों के आयात पर रोक लगाने की भी मांग की गई, ताकि देश के किसानों के हित सुरक्षित रह सकें। किसान आंदोलनों के दौरान दर्ज मुकदमों को वापस लेने की मांग भी प्रमुख रूप से उठाई गई। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि जनपद में प्रस्तावित 10 नैफेड केंद्रों में से 5 केंद्र अकेले असोथर क्षेत्र में स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे अन्य क्षेत्रों के किसानों को असुविधा होगी। किसानों ने आरोप लगाया कि इन केंद्रों पर बिचौलियों का वर्चस्व रहता है, जिससे उन्हें अपनी उपज का लाभकारी मूल्य नहीं मिल पाता। उन्होंने मांग की कि क्रय केंद्र मंडी परिसर के भीतर स्थापित किए जाएं, जिससे किसानों को सीधे लाभ मिल सके। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष मधुसूदन तिवारी, जिला उपाध्यक्ष प्रशांत सिंह, अजय तिवारी, हरिओम, विजय सिंह चौहान, पंडित शिव बाबू शर्मा, राम सुरेश सिंह, नागेंद्र सिंह, राजू सिंह, कल्लू सिंह, अमित, प्रदेश मीडिया प्रभारी रमाशंकर शुक्ल, मुशीर हुसैन नकवी सहित बड़ी संख्या में किसान एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।