PRATAPGARH NEWS: रमज़ान के पाक महीने में आमतौर पर मस्जिदों और घरों में पुरुषों के लिए इफ्तार की व्यवस्था देखने को मिलती है, लेकिन प्रतापगढ़ के गहरौली गांव में एक अनोखी पहल लोगों का ध्यान खींच रही है। यहां के निवासी वकील अहमद अपने घर पर पिछले कई वर्षों से हर रमज़ान में महिलाओं के लिए विशेष इफ्तार का आयोजन करते हैं। इस आयोजन की खास बात यह है कि इसमें गांव की महिलाएं एक साथ बैठकर इफ्तार करती हैं। रमज़ान के इस पवित्र महीने में जहां अक्सर पुरुषों के लिए इफ्तार की व्यवस्थाएं होती हैं, वहीं महिलाओं के लिए ऐसा सामूहिक आयोजन बहुत कम देखने को मिलता है। इस पहल के बारे में बात करते हुए वकील अहमद ने बताया कि “हर जगह पुरुषों के लिए तो इफ्तार का इंतजाम होता है, लेकिन मुझे लगा कि महिलाओं के लिए भी एक ऐसा स्थान होना चाहिए जहां वे एक साथ बैठकर आपस में मेल-मिलाप के साथ इफ्तार कर सकें। इसी सोच के साथ हमने यह शुरुआत की।”
गांव के लोगों का कहना है कि यह पहल सिर्फ इफ्तार तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे महिलाओं के बीच आपसी भाईचारा, सम्मान और सामाजिक एकता का संदेश भी जाता है। हर साल रमज़ान में होने वाला यह आयोजन अब गांव की एक खास परंपरा बनता जा रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, इस तरह की पहल समाज में समानता, सम्मान और एकता का संदेश देती है, जिससे रमज़ान की असली भावना और भी मजबूत होती है।







