हिसाब किताब में गड़बड़ी के चलते पूर्व अध्यक्ष, मंत्री की सदस्यता की गयी निलंबित
MIRZAPUR NEWS: रामलीला पुरानी दशमी पंचायती के अध्यक्ष व वरिष्ठ अधिवक्ता अशोक सिंह के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक से मुलाक़ात कर रामलीला समिति में पूर्व में हिसाब-किताब में हुई अस्पष्टता, हेरा फेरी और रामलीला की संपत्तियों के साथ की जा रही गड़बड़ी की ओर ध्यान आकृष्ट कराया। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व के अध्यक्ष गोपाल अग्रहरि व मंत्री ज्ञान शंकर गुप्ता द्वारा लम्बे समय से पदों पर जमे रह अनियमितता की जा रही है। उनके कार्य व्यवहार से समिति के सदस्यों में आक्रोश था उनके द्वारा बिना चुनाव कराये खुद को स्वयं नविनिकृत कर लिया गया जो विधिसंवत नहीं है। जिसके चलते रामलीला समिति के सदस्यों ने आम सभा बुला कर प्रक्रिय परक चुनाव किया और कमेटी सृजित कर कार्य प्रारम्भ किया। पूर्व अध्यक्ष व मंत्री रामलीला भवन पर जबरन कब्ज़ा करने की नीति के तहत पदलोलुप्ता से ग्रसित हैं। जिसके चलते उनको रामभक्तों के आक्रोश का सामना करना पड़ रहा है।
इन पर वित्तीय अनियमितता की लिखित शिकायत मिलने के बाद प्रथम दृष्टया हेरा फेरी की आशंका स्पष्ट दिखती है, कमेटी के सर्वसम्मति से लिए गए निर्णय में तत्काल प्रभाव से पूर्व अध्यक्ष गोपाल अग्रहरि व लम्बे समय से मंत्री पद पर कब्ज़ा जमाये बैठे ज्ञान शंकर गुप्ता की सदस्यता निलंबित कर दी गयी है और मामले की आतंरिक जांच करा कानूनी कार्यवाही की जाएगी। कमेटी ने जिले के उच्च प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाक़ात कर सभी मामलों से उन्हें भी अवगत कराया गया है। उन्होंने गड़बड़ी करने वालों पर विधिक कार्यवाही का ठोस आश्वासन दिया. सिंह ने कहा कि इस वर्ष कमेटी पंचमी भरत मिलाप के लिये सार्वजनिक चंदा नहीं लेगी। कमेटी अपने सदस्यों के सहयोग से ही भव्य व आकर्षक भरत मिलाप उठाएगी।
इस दौरान नव निर्वाचित मंत्री अतिन गुप्ता, भोला नाथ पाण्डेय, अशुकांत चुनाहे, ज्ञान चंद गुप्ता, शैलेन्द्र अग्रहरि, राजेंद्र गुप्ता, भोलानाथ साहू, दीप चंद यादव, बृजेश गुप्ता, नयन जायसवाल, विनोद सेठ, शशिकांत बरनवाल, विनोद केशरवानी, पालू बरनवाल, रमेश केशरवानी, श्यामा प्रसाद जायसवाल, ओम प्रकाश अग्रहरि, अनिल यादव भी उपस्थित रहे।







