BALRAMPUR NEWS: (कमाल खान) शुक्रवार को वादिनी सुनीता पत्नी सुद्धू कोरी निवासी धुसवा बाजार थाना गैंड़ास बुजुर्ग द्वारा थाना स्थानीय पर लिखित प्रार्थना पत्र दिया गया कि दिनांक 25.06.2026 को विपक्षीगण सितारा उर्फ पापा कोरी (उम्र करीब 31वर्ष) पत्नी सुग्रीव उर्फ सुरेश कोरी निवासी सराय खास पंडित पुरवा थाना रेहरा बाजार जो अपने माइके ग्राम धुसवा थाना गैण्डास बुजुर्ग जनपद बलरामपुर में आई थी, जलौनी की लकड़ी वादिनी के घर से उठाकर ले जा रही थी जिसको वादिनी के पति(सुद्धू कोरी पुत्र राम अचल उम्र 42 वर्ष) द्वारा लकड़ी ले जाने से मना करने पर वाद-विवाद हो गया जिसके दौरान विपक्षीगण सितारा पत्नी सुग्रीव, अजय पुत्र शिवपूजन निवासी धुसवा बाजार व रिश्तेदारी में आए संजय पुत्र हीरालाल निवासी रामपुर ग्रिंट गुलाबडीह थाना सादुल्लानगर के द्वारा लात-घूसों से मारा-पीटा गया। मारपीट के दौरान वादिनी के पति सुद्धू कोरी पुत्र राम अचल (मृतक) को चोटे आई थी। मारपीट के बाद वादिनी का पति सुद्धू कोरी पुत्र राम अचल अपने घर चला गया था। रात्रि में सोते समय मृत्यु हो गई , जिसके संबंध में थाना स्थानीय पर मु0अ0सं0 – 63/2026 धारा 352,103(1)बी0एन0एस0 पंजीकृत किया गया। विवेचनात्मक कार्यवाही की गई। विवेचना के दौरान प्राप्त साक्ष्यों एवम् पोस्ट मार्टम रिपोर्ट के आधार पर मुकदमा उपरोक्त मे धारा 103(1) बीएनएस को 105 बीएनएस में तरमीम किया गया । थाना गैण्डास बुजुर्ग पुलिस टीम द्वारा थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0 – 63/2026 धारा 352,103(1)बी0एन0एस0 में नामित तीनों अभियुक्त 1.सितारा उर्फ पापा कोरी पत्नी सुरेश उर्फ सुग्रीव कोरी नि0 सरायखास पंडित पुरवा थाना रेहरा बाजार जनपद बलरामपुर, 2.अजय कोरी पुत्र शिवपूजन निवासी ग्राम बड़का धुसवा थाना गैड़ास बुजुर्ग जनपद बलरामपुर, 3. संजय कुमार पुत्र हीरालाल निवासी ग्राम रामपुर ग्रंट गुलाबडीह थाना सादुल्लानगर जनपद बलरामपुर को दल सिंहवा मोड़ तिराहा से गिरफ्तार कर उपरोक्त के विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्यवाही कर न्यायालय रवाना किया गया।
पूछताछ का विवरण गिरफ्तार अभियुक्ता सितारा उर्फ पारा कोरी द्वारा पूछताछ के दौरान बताया गया कि वह अपने माइके में रह रही थी, खाना बनाने के लिए दिनांक 25.06.2026 की शाम जलौनी की लकड़ी उठाकर ले जा रही थी कि सुद्धू कोरी पुत्र राम अचल द्वारा उसे गाली देते हुए रोका गया जिसके दौरान उससे वाद विवाद होने लगा। वाद विवाद होते देख उसके रिश्तेदार अजय पुत्र शिवपूजन व संजय पुत्र हीरालाल द्वारा अभियुक्ता का पक्ष लेते हुए गाली देने से मना किया गया। नहीं मानने पर हम तीनों लोगो द्वारा सिद्धू कोरी को लात घूसों से मारा पीटा गया, उसके बाद हम लोग अपने घर चले आए। सिद्धू कोरी भी अपने घर चले गए। सुबह पता चला कि सिद्धू की मृत्यु हो गई।







