राजेश गिहार बने भारतीय आदिवासी गिहार महासभा के प्रदेश अध्यक्ष
FATEHPUR NEWS: भारतीय आदिवासी गिहार महासभा की बुन्देलखण्ड स्तरीय महत्वपूर्ण बैठक रविवार को शहर के रामा श्यामा मैरिज हाल में आयोजित की गई। बैठक में बुन्देलखण्ड क्षेत्र के विभिन्न जनपदों से आए समाज के प्रतिनिधियों, पदाधिकारियों एवं गणमान्य लोगों ने भाग लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलेदार सिंह ने की, जबकि संचालन रामबाबू गिहार ने किया। बैठक के दौरान समाज के संगठनात्मक विस्तार, शिक्षा, रोजगार, युवाओं की भागीदारी तथा सामाजिक अधिकारों सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इसी क्रम में संगठन के प्रदेश नेतृत्व को लेकर भी विचार-विमर्श किया गया, जिसके बाद सर्वसम्मति से राजेश गिहार को भारतीय आदिवासी गिहार महासभा उत्तर प्रदेश का नया प्रदेश अध्यक्ष चुना गया। राजेश गिहार के प्रदेश अध्यक्ष चुने जाने की घोषणा होते ही बैठक स्थल पर मौजूद लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया और उन्हें बधाई दी। उपस्थित पदाधिकारियों और समाज के लोगों ने उम्मीद जताई कि उनके नेतृत्व में संगठन को नई दिशा और मजबूती मिलेगी तथा समाज के हितों की लड़ाई और प्रभावी ढंग से आगे बढ़ेगी। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश गिहार ने अपने संबोधन में शिक्षा के महत्व पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी समाज के विकास, उन्नति और सशक्तिकरण का सबसे प्रभावी माध्यम शिक्षा है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों की शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें ताकि आने वाली पीढ़ी सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप से मजबूत बन सके। उन्होंने कहा कि गिहार समाज आज भी अपनी पहचान और अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा है। विभिन्न सरकारों द्वारा समय-समय पर समाज को जनजाति का दर्जा देने का आश्वासन दिया गया, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। इससे समाज के लोगों में निराशा और असंतोष का वातावरण बना हुआ है। ओम प्रकाश गिहार ने कहा कि अब समय आ गया है कि समाज अपने अधिकारों के लिए संगठित होकर मजबूत आवाज उठाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि गिहार समाज को जनजाति का दर्जा दिलाने के लिए आंदोलन और संघर्ष को और तेज किया जाएगा। इसके लिए संगठन को जमीनी स्तर तक सक्रिय और सशक्त बनाने की आवश्यकता है। नवनिर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष राजेश गिहार को शुभकामनाएं देते हुए उन्होंने कहा कि युवा नेतृत्व संगठन को नई ऊर्जा और नई सोच प्रदान करेगा। उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष से गांव-गांव जाकर संगठन का विस्तार करने, समाज के लोगों को जोड़ने तथा युवाओं को संगठन में सक्रिय भूमिका देने का आह्वान किया। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने यह भी कहा कि समाज में बिखराव होने के कारण उसकी समस्याओं को राजनीतिक दल और सरकारें गंभीरता से नहीं लेती हैं। इसलिए सामाजिक एकता, संगठन की मजबूती और सामूहिक प्रयास ही समाज के अधिकारों की लड़ाई को सफल बना सकते हैं। बैठक में समाज के हितों से जुड़े लगभग आठ महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की गई और उन्हें पारित किया गया। इन प्रस्तावों का उद्देश्य संगठन को मजबूत बनाना, समाज की समस्याओं को शासन-प्रशासन तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना तथा शिक्षा, रोजगार और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर सामूहिक प्रयासों को गति देना है। कार्यक्रम में हंसराज गिहार, जिलेदार सिंह, रामशंकर गिहार, सोनू भारती गिहार, धर्मेन्द्र गिहार, अजय सिंह गिहार उर्फ बाबा, नवीन गिहार, जयचन्द्र गिहार, बीरन गिहार, रामबाबू उर्फ गुड्डू गिहार, जयपाल गिहार, गुड़िया गिहार, लाल सिंह गिहार, विशुन गिहार, देवटानी गिहार, आर्मन गिहार, रामसिंह गिहार, विशुनलाल गिहार, विजय गिहार, मनीष गिहार सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे। बैठक का समापन समाज की एकता, संगठन की मजबूती और अधिकारों की लड़ाई को आगे बढ़ाने के संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित लोगों ने विश्वास जताया कि नए नेतृत्व के तहत गिहार समाज के हितों और अधिकारों के लिए आंदोलन को नई गति मिलेगी।







