सभा प्रशासनिक पर शक्ति प्रदर्शन पार्टी के लोगों का
FATEHPUR NEWS: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे को लेकर सियासी हलचल तेज रही है। सियासी गलियारों में इस दौरे को आगामी मिशन-2027 की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है। जहां भाजपा संगठन मुख्यमंत्री की सभा को ऐतिहासिक बनाने में जुटा है, वहीं सबसे बड़ी चुनौती सभा स्थल पर अपेक्षित भीड़ जुटाने की बताई गई है। सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री की जनसभा में भीड़ जुटाने के लिए भाजपा संगठन के साथ-साथ प्रशासनिक स्तर पर भी तैयारियां तेज हैं। पार्टी पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, ब्लॉक प्रमुखों, जिला पंचायत सदस्यों और ग्राम प्रधानों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। चर्चा है कि ग्राम पंचायत स्तर तक संपर्क अभियान चलाकर लाभार्थियों और ग्रामीणों को सभा स्थल तक पहुंचाने की तैयारी की गई है। वहीं प्रशासक के रूप में कार्य देख रहे ग्राम प्रधानों से भी मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की गई है। फतेहपुर के मदारीपुर कला में होने वाली मुख्यमंत्री की जनसभा को लेकर जिलेवासियों में भी उत्सुकता है। लोगों को उम्मीद है कि मुख्यमंत्री जिले के लिए किसी बड़ी विकास परियोजना या नई सौगात की घोषणा कर सकते हैं। हालांकि अभी तक जनप्रतिनिधियों की ओर से जिले की प्रमुख मांगों को लेकर कोई स्पष्ट एजेंडा सामने नहीं आया है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि मुख्यमंत्री की जनसभाएं केवल विकास योजनाओं तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि चुनावी दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण संदेश देती हैं। ऐसे में इस दौरे को आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। इधर किसानों का मुद्दा भी अहम बना हुआ है। खरीफ सीजन में धान की रोपाई का समय चल रहा है और किसान मौसम की अनिश्चितता से जूझ रहे हैं। ऐसे समय में ग्रामीणों को सभा स्थल तक लाना संगठन के लिए चुनौती माना जा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने संबोधन में जिले के लिए कौन-कौन सी घोषणाएं करते हैं और क्या फतेहपुर को कोई बड़ी विकास परियोजना की सौगात मिलती है या फिर पहले से चल रही योजनाओं को ही नया विस्तार दिया जाता है। फिलहाल मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर भाजपा संगठन पूरी ताकत झोंक चुका है और आज की सभा जिले की सियासत में कितना प्रभाव छोड़ती है, यह कार्यक्रम के बाद ही साफ हो सकेगा।







