Home उत्तर प्रदेश सुरक्षित भारत का आधार यातायात अनुशासन:आईपीएस गोल्डी गुप्ता

सुरक्षित भारत का आधार यातायात अनुशासन:आईपीएस गोल्डी गुप्ता

मोहम्मद हसन पी.जी. कॉलेज में युवाओं ने लिया ‘सेफ ड्राइव सेव लाइफ’ का संकल्प
JAUNPUR NEWS: मोहम्मद हसन पी.जी. कॉलेज के सभागार में सोमवार को “यातायात जागरूकता एवं सुरक्षा कार्यक्रम” का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में सड़क सुरक्षा, यातायात अनुशासन और साइबर सतर्कता की भावना को प्रोत्साहित करना था। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सीओ सिटी आईपीएस गोल्डी गुप्ता ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा
यातायात नियमों का पालन केवल कानून नहीं, बल्कि जीवन रक्षा का सबसे बड़ा सूत्र है। हेलमेट, सीट बेल्ट, गति सीमा, संकेतों का पालन और संयम ये पाँच सूत्र जीवन के अमूल्य रक्षक हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे समाज में ‘सेफ ड्राइव, सेव लाइफ’ का संदेश हर व्यक्ति तक पहुँचाएँ। विशिष्ट अतिथि यातायात सीओ सुशील कुमार तिवारी ने कहा कि भारत में प्रतिदिन हजारों सड़क दुर्घटनाएँ असावधानी और नियम उल्लंघन के कारण होती हैं। उन्होंने कहा कि हेलमेट और सीट बेल्ट को आदत नहीं बल्कि जीवन की आवश्यकता समझा जाना चाहिए। यातायात प्रभारी सुशील कुमार मिश्रा ने साइबर सुरक्षा पर बोलते हुए कहा कि डिजिटल युग में हर क्लिक सोच-समझकर होना चाहिए। ऑनलाइन ठगी, फर्जी लिंक और ओटीपी फ्रॉड से बचने के लिए सजगता ही सबसे बड़ी सुरक्षा ढाल है।
शकरमंडी प्रभारी कंचन पांडेय ने कहा कि यातायात नियम केवल सड़क के लिए नहीं, बल्कि जीवन में अनुशासन और संयम के प्रतीक हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से समाज में जिम्मेदार नागरिक बनने की अपील की। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अब्दुल कादिर खान ने कहा कि सड़क सुरक्षा, साइबर सतर्कता और नैतिक जिम्मेदारी—तीनों ही आधुनिक नागरिकता के मूल स्तंभ हैं। उन्होंने कहा कि कॉलेज सदैव विद्यार्थियों में सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को प्रोत्साहित करने के लिए तत्पर है। कार्यक्रम का संचालन अहमद अब्बास खान ने किया। अंत में यातायात सीओ सुशील कुमार तिवारी ने कॉलेज परिवार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से ही “सुरक्षित भारत यातायात अनुशासित भारत” का सपना साकार होगा। इस अवसर पर डॉ. जीवन यादव, डॉ. ममता सिंह, डॉ. शाहिदा परवीन, डॉ. प्रेमलता गिरी, डॉ. नीलेश सिंह, डॉ. विवेक विक्रम सिंह, सहित अनेक प्राध्यापक, स्टाफ सदस्य एवं सैकड़ों विद्यार्थी उपस्थित रहे।