Home आस्था सावित्री बाई फुले ने प्रतिकूल परिस्थितियों में किया शिक्षा का प्रसार

सावित्री बाई फुले ने प्रतिकूल परिस्थितियों में किया शिक्षा का प्रसार

सावित्रीबाई फुले के समाज सुधारक योगदान पर गोष्ठी

KUSHINAGAR NEWS: नगर स्थित
वार्ड संख्या 24 सुभाष नगर में मीरा सुरेश सेवा न्यास द्वारा भारत की पहली महिला शिक्षिका एवं समाज सुधारक सावित्रीबाई फुले के जीवन और उनके समाज सुधारक योगदान विषय और संगोष्ठी आयोजित की गई। रविवार को कार्यक्रम की शुरुआत सावित्री बाई फुले के चित्र पर माल्यार्पण से किए गया। मुख्य वक्ता दिनेश तिवारी ने कहा कि सावित्रीबाई फुले ने प्रतिकूल परिस्थितियों में भी शिक्षा का प्रचार-प्रसार कर समाज की जड़ों में व्याप्त अज्ञानता और कुरीतियों को चुनौती दी। वे स्त्रियों और वंचितों के लिए मार्गदर्शक और प्रेरणास्रोत रहीं। मुख्य अतिथि प्राचार्य डॉ. रवि शंकर प्रताप राव ने कहा कि शिक्षा ही समाज सुधार का सबसे सशक्त माध्यम है और सावित्रीबाई फुले ने इसे अपने जीवन से सिद्ध कर दिखाया। विशिष्ट अतिथि अमित मिश्रा ने कहा कि उनकी शिक्षाएं आज भी उतनी ही प्रासंगिक हैं और समाज को दिशा देने वाली हैं। अध्यक्षता करते हुए डॉ. अंबरीश विश्वकर्मा ने कहा कि सावित्रीबाई का जीवन संघर्ष और समर्पण की मिसाल है। जिससे हमें सीख लेकर समाज सुधार और शिक्षा प्रसार के कार्यों में आगे बढ़ना चाहिए। संचालन आयोजक राजू कुमार मद्धेशिया और कृष्ण मुरारी धर द्विवेदी ने सभी के  प्रति आभार व्यक्त किया। गोष्ठी में रमेश मद्धेशिया, पवन गुप्ता, सुनंदा विश्वकर्मा, रिंकी मद्धेशिया, मीरा देवी राम प्रताप चौरसिया, राम नारायण जायसवाल अजीत श्रीवास्तव मौजूद रहे।