Home उत्तर प्रदेश विद्युत कर्मचारियों ने बिजली के निजीकरण के खिलाफ किया जोरदार प्रदर्शन

विद्युत कर्मचारियों ने बिजली के निजीकरण के खिलाफ किया जोरदार प्रदर्शन

VARANASI NEWS: विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने बुधवार को बिजली के निजीकरण के खिलाफ एक जोरदार प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में संघर्ष समिति ने आरोप लगाया कि घाटे के नाम पर निजी संस्थाओं को करोड़ों रुपये का चंदा दिया जा रहा है, जो कि पूरी तरह से अनुचित है। संघर्ष समिति ने आरोप लगाया कि आल इंडिया डिस्कॉम एसोसिएशन को 1 करोड़ 30 लाख 80 हजार रुपये का भुगतान किया गया है, जो कि एक बहुत बड़ी राशि है।
पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम ने 21 लाख 80 हजार रुपये का भुगतान किया है, जिसमें 10 लाख रुपये का कॉन्ट्रिब्यूशन और 11 लाख 80 हजार रुपये की सदस्यता शुल्क शामिल है। संघर्ष समिति की मांग की हैं कि ऑल इंडिया डिस्कॉम एसोशिएशन के गठन और चंदे की जांच कराई जाए, ताकि इस मामले में दोषियों को सजा दी जा सके। उप्र पॉवर कॉरपोरेशन के चेयरमैन डॉ आशीष गोयल को पद से हटाया जाए या ऑल इंडिया डिस्कॉम एसोशिएशन का पद छोड़ दें, क्योंकि उनके पास दो पद होने से हितों का टकराव हो सकता है।
संघर्ष समिति ने आरोप लगाया कि ऑल इंडिया डिस्कॉम एसोशिएशन विद्युत वितरण निगमों के निजीकरण में मदद कर रही है, जो कि पूरी तरह से अनुचित है। संघर्ष समिति ने सवाल किया कि 21 लाख 80 हजार रुपये के भुगतान में प्रबन्ध निदेशक को कितने पैसे मिलेंगे? क्या यह पैसा निजी जेब में जाएगा या निगम के खाते में जमा होगा?
संघर्ष समिति ने कहा कि बिजली के निजीकरण के खिलाफ उनका संघर्ष जारी रहेगा और वे इसके लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि निजीकरण से बिजली की दरें बढ़ेंगी और आम जनता को परेशानी होगी। सभा को ई0 एस0के0सिंह,ई0 राजेन्द्र सिंह,अंकुर पाण्डेय,जमुना पाल, राजेश सिंह,दीपक सिंह,अनिल यादव,हेमंत श्रीवास्तव, बृजेश कुमार,नवीन कुमार, विनोद कुमार, अरुण गुप्ता,अजय तिवारी,अमित कुमार, चंद्रशेखर सिंह,मनोज सोनकर, संदीप कुमार, सुशील कुमार, कृष्णा सिंह, मनोज जैसवाल आदि ने संबोधित किया।