Home उत्तर प्रदेश ललई पहाड़ से अवैध गिट्टी खनन और ओवरलोड परिवहन का खेल, हादसों...

ललई पहाड़ से अवैध गिट्टी खनन और ओवरलोड परिवहन का खेल, हादसों का खतरा बढ़ा

31
0

बारा,प्रयागराज (मनोज कुमार बिन्द)। बारा थाना क्षेत्र अंतर्गत ललई पहाड़ इलाके में अवैध रूप से गिट्टी तोड़कर भस्सी ट्रॉली और ट्रैक्टरों पर ओवरलोड लादकर परिवहन किए जाने का मामला लगातार सामने आ रहा है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि यह अवैध कारोबार लंबे समय से निर्बाध रूप से चल रहा है, जिससे क्षेत्र में आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं और आम लोगों की जान जोखिम में पड़ गई है।
ग्रामीणों के अनुसार, पहाड़ी क्षेत्र से गिट्टी तोड़कर भारी मात्रा में ओवरलोड ट्रॉली और ट्रैक्टरों के माध्यम से सड़कों पर दौड़ाई जा रही हैं। संकरी और जर्जर सड़कों पर इस तरह के ओवरलोड वाहनों की आवाजाही से कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। कई बार वाहन पलटने और राहगीरों को चोट लगने की घटनाएं भी हो चुकी हैं, लेकिन इसके बावजूद अवैध परिवहन पर रोक नहीं लग पा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारा क्षेत्र में पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से यह अवैध ओवरलोड परिवहन लगातार जारी है। आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में भी ओवरलोड वाहन बेखौफ होकर गुजरते रहते हैं और स्थानीय पुलिस अनजान बनने का रवैया अपनाती है। हालांकि पुलिस विभाग की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि उन्होंने कई बार सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) बारा कुंजलता से इस पूरे मामले की शिकायत की, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इससे ग्रामीणों में नाराजगी और असुरक्षा का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने सख्त कदम नहीं उठाए, तो किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।
खास बात यह है कि कोहरे की आड़ में अवैध ओवरलोड परिवहन और तेज हो गया है। सुबह, दोपहर और शाम हर समय ट्रैक्टर-ट्रॉली और भस्सी ट्रॉलियां गिट्टी लादकर निकलती देखी जा सकती हैं। कोहरे के कारण दृश्यता कम होने से दुर्घटना की आशंका और बढ़ जाती है, लेकिन अवैध कारोबार से जुड़े लोग इसी का फायदा उठाकर परिवहन कर रहे हैं।
स्थानीय नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से मांग की है कि ललई पहाड़ क्षेत्र में हो रहे अवैध खनन और ओवरलोड परिवहन की निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए ओवरलोड वाहनों को जब्त किया जाए, ताकि क्षेत्र में कानून-व्यवस्था कायम रह सके और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन इन आरोपों को कितनी गंभीरता से लेता है और कब तक अवैध खनन व ओवरलोड परिवहन पर प्रभावी रोक लगाई जाती है।