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रात के अंधेरे में बंटे सिलेंडर अनिकेत इंडेन गैस सर्विस पर कालाबाजारी का आरोप

लाइन में लगे उपभोक्ताओं को मिला ‘गैस खत्म’ का जवाब, पीछे से 1200 में बिकते रहे सिलेंडर, उपभोक्ताओं का है आज

KUSHINAGAR NEWS: जनपद में गैस की पर्याप्त उपलब्धता और कालाबाजारी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई के प्रशासनिक दावों के बीच पडरौना नगर के आवास विकास कॉलोनी स्थित अनिकेत इंडेन गैस सर्विस पर गैस सिलेंडर की खुलेआम कालाबाजारी का सनसनीखेज आरोप सामने आया है। आरोप है कि एजेंसी प्रबंधन की मिलीभगत से रात के अंधेरे में चुपचाप सिलेंडर बांट दिए गए, जबकि सुबह से लाइन में लगे उपभोक्ताओं को “गैस खत्म” होने का बहाना बनाकर लौटा दिया गया। बताया जा रहा है कि रविवार तड़के करीब पांच बजे बड़ी संख्या में उपभोक्ता गैस सिलेंडर लेने अनिकेत इंडेन गैस सर्विस पहुंच गए थे। इनमें कई ऐसे लोग भी थे जिन्होंने पहले से बुकिंग कराकर ओटीपी प्राप्त कर लिया था। लेकिन एजेंसी पहुंचने के बाद उन्हें यह कहकर निराश कर दिया गया कि गैस सिलेंडर रात करीब दो बजे ही वितरित कर दिए गए हैं। इस जानकारी के बाद मौके पर मौजूद उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश फैल गया। लोगों का कहना है कि एक दिन पहले ही जिलाधिकारी ने सभी गैस एजेंसियों पर पारदर्शी वितरण सुनिश्चित करने के लिए नोडल अधिकारी और पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए थे, ताकि किसी भी प्रकार की कालाबाजारी और ओवररेटिंग पर रोक लग सके। इसके बावजूद देर रात गैस वितरण किए जाने और जिम्मेदार अधिकारियों के नदारद रहने से पूरी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पडरौना ब्लॉक के ग्राम पंचायत पगरा बुजुर्ग निवासी पंकज गोंड ने आरोप लगाया कि वह सुबह करीब पांच बजे गैस लेने एजेंसी पहुंचे थे। वहां मौजूद कर्मचारियों ने पहले उन्हें यह कहकर टाल दिया कि गैस खत्म हो गई है। पंकज का आरोप है कि कुछ ही देर बाद एजेंसी के दो सेल्समैन थोड़ी दूरी पर कुछ लोगों को 1200 रुपये लेकर गैस सिलेंडर देते दिखाई दिए। जब उन्होंने भी गैस लेने की बात कही तो उनसे भी 1200 रुपये की मांग की गई। पंकज गोंड के अनुसार जब एक व्यक्ति से पैसे लेकर सिलेंडर दिया जा रहा था और कर्मचारी पैसे गिन रहे थे, तभी उन्होंने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू कर दिया। वीडियो बनते देख सेल्समैन घबरा गए और वहां से हटने लगे। इस दौरान उन्होंने कहा कि “सामने से वीडियो बना लो”, जिसके बाद वे धीरे-धीरे मौके से खिसक गए।पंकज गोंड का कहना है कि जब उन्होंने इस संबंध में एजेंसी मालिक से बात की तो उन्हें मंगलवार को आने की बात कहकर टाल दिया गया। इससे उन्हें आशंका है कि एजेंसी प्रबंधन की जानकारी में ही यह पूरा कालाबाजारी का खेल चल रहा है।घटना के दौरान मौके पर मौजूद अन्य उपभोक्ताओं, जिनमें बृजेश तिवारी सहित कई लोग शामिल थे, ने भी आरोप लगाया कि बिना किसी पूर्व सूचना के देर रात गैस सिलेंडर बांट दिए गए। इस दौरान एजेंसी परिसर में उपभोक्ताओं और कर्मचारियों के बीच तीखी बहस भी हुई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक एजेंसी के मैनेजर ने खुद उपभोक्ताओं को बताया कि सिलेंडर रात दो बजे वितरित किए गए थे, जबकि एजेंसी मालिक इस बात से साफ इंकार किया। इससे मौके पर मौजूद लोगों का गुस्सा और भड़क उठा। पीड़ित पंकज गोंड ने पूरे मामले की लिखित शिकायत जिला पूर्ति अधिकारी को देकर कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में जिला पूर्ति अधिकारी कृष्ण गोपाल पांडेय ने कहा कि शिकायत मिली है और पूर्ति निरीक्षक से जांच करायी गयी है रात्रि दो बजे गैस वितरण का आरोप गलत व निराधार है। डीएसओ ने कहा शिकायतकर्ता द्वारा कोई साक्ष्य उपलब्ध नही कराया गया है। उन्होंने कहा कि जिले में कही भी गैस की कालाबाजारी, जमाखोरी व वितरण प्रणाली मे अनियमितता बर्दास्त नही की जायेगी। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।