Home आस्था यज्ञ मंडप की परिक्रमा के लिए श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़

यज्ञ मंडप की परिक्रमा के लिए श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़

SONBHADRA NEWS: गुप्तकाशी शिवद्वार धाम में  श्री उमामहेश्वर मंदिर प्रांगण में आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान गंगा यज्ञ में रविवार सुबह यज्ञ मंडप की परिक्रमा के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। यज्ञाचार्य पंडित मनीष पांडेय के नेतृत्व में आचार्यों द्वारा यज्ञ क्रिया संपन्न कराया गया। देर शाम व्यासपीठ से श्रीभागवत कथा सुनाते हुए पं. श्रीराधे अच्युतानंद शुक्ल ने राजा परीक्षित के जन्म, उनके राज्यारोहण, पांडवों व द्रौपदी के स्वर्गारोहण की कथा सुनाई। फिर राजा परीक्षित द्वारा शमिक ऋषि के गले में मृत सांप डालने, ऋषि के पुत्र श्रृंगी ऋषि द्वारा परीक्षित को तक्षक नाग द्वारा डसने का श्राप मिलने की कथा सुनाते हुए कहा कि अकाल मृत्यु के दोषों से बचने और कल्याण के लिए राजा परीक्षित 60 हजार ऋषियों में सर्वश्रेष्ठ शुकदेवजी की शरण में जाते है शुकदेव जी पर उन्हें अकाल मृत्यु से बचने के लिए श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन करने के परामर्श देते हैं। कथा का बड़ा ही हृदयस्पर्शी एवम् मार्मिक वर्णन करते हुए उन्होंने कहा कि श्री भागवत कथा सुनने और सुनाने से जीव परम गति को प्राप्त करता है। संतो के आगमन से सांसारिक जीवन का कल्याण होता है।जिस जगह संतों का चरण पड़ जाए वह स्थान धन्य हो जाता है। संतों की शरण में जाने मात्र से ही जीव पर प्रभु की कृपा हो जाती है। इस अवसर पर ग्राम प्रधान सियाराम यादव, मोनू पाठक, पुजारी सुरेश गिरी, शिवराज गिरी, सुभाष गिरी, अजय गिरी, अखिलेश दुबे, यादवेंद्र शुक्ल, नीरज तिवारी, दिलीप इत्यादि मौजूद रहे।