शनिवार को सिविल कोर्ट में हुई सुनवाई, मुस्लिम पक्ष की ओर से अनिल श्रीवास्तव एवं फिरोज़ खान रहे अधिवक्ता, हिन्दू पक्ष की ओर से एडवोकेट रामजी सहाय ने रखी दलील
FATEHPUR NEWS: सदर कोतवाली क्षेत्र के रेडाइया मोहल्ले में स्थित एक मकबरे को लेकर विवाद गहरा गया है। भाजपा जिलाध्यक्ष मुखलाल पाल और मठ मंदिर संरक्षण संघर्ष समिति ने इस स्थल को ठाकुर जी का मंदिर होने का दावा किया है।
फतेहपुर मकबरा विवाद के मामले में सिविल कोर्ट में शनिवार को हुई सुनवाई के दौरान मुस्लिम पक्ष के अधिवक्ता अनिल श्रीवास्तव और फिरोज खान ने बताया कि मकबरा मंगी के मुतवल्ली रहे अनीस खान के मृत हो जाने के कारण नया मुतवल्ली अबु हुरैरा का नाम दर्ज करने के लिए कोर्ट में अपील की गई है। अबु हुरैरा का नाम दर्ज होने के बाद केस की सुनवाई होगी, जिसके लिए कोर्ट ने 10 सितंबर की तारीख दी है। मकबरा की जमीन 10 बीघा है और वहां पर कोई भी मंदिर का विवाद नहीं है। वहीं हिन्दू पक्ष के अधिवक्ता रामजी सहाय ने बताया कि विजय प्रताप पुत्र स्व. राम नरेश का मुकदमा कोर्ट में चल रहा है, जिस पर शनिवार को सुनवाई हुई और 10 सितंबर 2025 की तारीख कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए दिया है। बताते चलें कि कि करीब 20 दिन पहले कुछ लोगों ने मकबरे पर तोड़फोड़ की और वहां पूजा-अर्चना की। इस घटना के बाद आबू नगर चौकी इंचार्ज की शिकायत पर 10 नामजद और 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। प्रशासन ने मकबरा स्थल के आसपास के पूरे क्षेत्र को पुलिस छावनी में बदल दिया है। प्रयागराज कमिश्नर और एडीजी ने मुख्यमंत्री को 75 पेज की रिपोर्ट भेजी है। रिपोर्ट में मकबरा स्थल का उल्लेख है, लेकिन आसपास की जमीन किसी और के नाम दर्ज है। इस बाबत शनिवार को फतेहपुर के सिविल कोर्ट में सुनवाई हुई। विवाद में विजय सिंह और अनीस खान दो पक्षकार हैं। सुनवाई को देखते हुए न्यायालय परिसर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। नगर पालिका परिषद मकबरा स्थल के आसपास कटीले तार से सुरक्षा घेरा बनाएगी। इसके लिए शासन से नगर पालिका परिषद को पत्र भेजा गया है। नगर पालिका परिषद अध्यक्ष एडवोकेट राज कुमार मौर्य ने पत्र मिलने की पुष्टि भी की है।







