KUSHINAGAR NEWS: जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में जिला श्रम बंधु, जिला बंधुआ श्रम सतर्कता समिति एवं बाल श्रम टास्क फोर्स की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में श्रमिकों के पंजीयन, उन्हें शासन की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित कराने, आयुष्मान कार्ड बनवाने तथा श्रम कानूनों के प्रभावी अनुपालन की प्रगति की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि पात्र श्रमिकों का अधिक से अधिक पंजीयन सुनिश्चित करते हुए उन्हें श्रम विभाग की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जाए। साथ ही पात्र श्रमिकों के आयुष्मान कार्ड बनवाने के कार्य में भी तेजी लाते हुए शत-प्रतिशत पात्र लाभार्थियों को योजना से आच्छादित करने के निर्देश दिए।
बैठक में प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन (PMSYM) योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए पात्र श्रमिकों को योजना से जोड़ने के निर्देश दिए। इस संबंध में मुख्य चिकित्सा अधिकारी, उपायुक्त श्रम रोजगार, उपायुक्त स्वतः रोजगार (NRLM), जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, अधीक्षण अभियंता विद्युत विभाग, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग, जिला पंचायत राज अधिकारी, परियोजना अधिकारी डूडा, जिला युवा कल्याण अधिकारी, जिला पूर्ति अधिकारी, जिला होमगार्ड्स कमाण्डेन्ट, सहायक निदेशक मत्स्य, जिला आबकारी अधिकारी, सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, श्रम प्रवर्तन अधिकारी, समस्त नगर पालिका/नगर पंचायतों के अधिशासी अधिकारी, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी, जिला सूचना अधिकारी तथा जिला प्रबंधक सीएससी को आवश्यक कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया। इसी प्रकार प्रधानमंत्री लघु व्यापारी मानधन योजना में भी अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने के लिए उप आयुक्त जीएसटी, सहायक निदेशक कारखाना गोरखपुर, श्रम प्रवर्तन अधिकारी, खाद्य विपणन अधिकारी तथा उपायुक्त उद्योग को विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि संबंधित विभाग अपने-अपने स्तर से पात्र श्रमिकों एवं लघु व्यापारियों को चिन्हित कर उन्हें योजनाओं से जोड़ें तथा योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर भी विशेष ध्यान दें। जिलाधिकारी ने समस्त अधिशासी अधिकारियों को अगली बैठक से पूर्व डॉ. भीमराव अम्बेडकर श्रमिक सुविधा केन्द्र की स्थापना हेतु प्रस्ताव उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि श्रमिकों को एक ही स्थान पर आवश्यक सेवाएं एवं योजनाओं से संबंधित सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। बैठक में औद्योगिक इकाइयों में आईटीआई प्रशिक्षुओं के नियोजन हेतु संचालित योजना पर भी विस्तार से चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को औद्योगिक इकाइयों एवं प्रशिक्षण संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए आईटीआई प्रशिक्षुओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने श्रमिकों के हितों से जुड़ी योजनाओं के क्रियान्वयन में अंतर-विभागीय समन्वय, पात्र लाभार्थियों का चिन्हांकन एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ पात्र श्रमिकों तक पहुंचाना सभी संबंधित विभागों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इस अवसर पर उपायुक्त स्वतः रोजगार (NRLM), जिला पूर्ति अधिकारी, उप आयुक्त जीएसटी, उपायुक्त उद्योग, श्रम प्रवर्तन अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।







