Home उत्तर प्रदेश खाद संकट से त्रस्त किसान:अव्यवस्था का आलम, सड़क पर लगा जनसैलाब

खाद संकट से त्रस्त किसान:अव्यवस्था का आलम, सड़क पर लगा जनसैलाब

SIDHARTHNAGAR NEWS: भीषण गर्मी के बीच खाद संकट ने किसानों को घुटनों पर ला दिया है। विकास खण्ड बढ़नी के ढेबरुआ स्थित सहकारी समिति पर खाद वितरण में व्याप्त अव्यवस्था का आलम यह है कि अपनी बारी का इंतजार करते किसान सड़क पर हुजूम बनकर खड़े हैं। लगभग 500 से अधिक पुरुष और महिलाएं सुबह से ही एक-एक बोरी खाद के लिए संघर्ष करते दिखे, जबकि मुख्य सड़क पर लगे इस जनसैलाब से यातायात भी बाधित हो रहा है।
किसानों ने अधिकारियों और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। इसी कड़ी में, राधेश्याम यादव, रवींद्र यादव, व्यास मुनि, किसना, मोती प्रसाद, रामदीन, करीम, रिजवान, मो याकूब और छोटेलाल जैसे किसानों ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि सरकारी केंद्र में वितरण का कोई सुव्यवस्थित तरीका नहीं है। अंदर बैठे पुलिस और राजस्व विभाग के कर्मी बेपरवाह होकर समोसा और चाय का लुत्फ़ उठा रहे हैं, जबकि बाहर किसान भूख और प्यास से बेहाल हैं। किसानों ने बताया कि निर्धारित मूल्य ₹267 के बजाय, उन्हें ₹300 प्रति बोरी की दर से खाद दी जा रही है, और इसकी कोई आधिकारिक पर्ची या रसीद नहीं दी जा रही, जिससे रास्ते में कानूनी समस्या का खतरा बना हुआ है। हताश किसानों ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि सुबह से कतार में लगने के बावजूद, खाद सिर्फ उन लोगों को मिल रही है जिनकी सेटिंग या पहचान है। इस भेदभाव और अव्यवस्था के विरोध में जब किसानों ने आवाज़ उठाई, तो पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर थाने में बंद कर दिया। इस घटना से किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। उन्होंने सरकार और ज़िलाधिकारी से अविलंब इस मामले में हस्तक्षेप कर व्यवस्थित ढंग से खाद उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि उनकी फसलें बर्बाद न हों और वे राहत की सांस ले सकें।