JHANSI NEWS: एंजेल स्मार्ट सिटी हॉस्पिटल की प्रथम वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित पत्रकार वार्ता में अस्पताल प्रबंधन ने पिछले एक वर्ष की उपलब्धियों के साथ एक ऐसी मानवीय कहानी साझा की, जिसने सभी को भावुक कर दिया। अस्पताल ने लगभग पांच वर्षों से अपने परिवार से बिछड़े मानसिक रूप से दिव्यांग युवक गुलशन को उसके परिजनों से मिलाकर मानव सेवा का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया। पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए अस्पताल के निदेशक डॉ. शुनहदीप रिछी एवं डॉ. आशीष भट्टाचार्य ने बताया कि स्मार्ट सिटी हॉस्पिटल ने अपने पहले ही वर्ष में बुंदेलखंड के प्रमुख मल्टी स्पेशियलिटी अस्पतालों में अपनी पहचान बनाई है। अस्पताल में 200 बेड की सुविधा, आधुनिक चिकित्सा उपकरण, विशेषज्ञ चिकित्सक, आईसीयू, इमरजेंसी, उन्नत ऑपरेशन थिएटर तथा किफायती स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से हजारों मरीजों का सफल उपचार किया गया है। उन्होंने बताया कि अस्पताल सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत लगातार निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर रहा है। प्रथम स्थापना दिवस पर मानव जन कल्याण संस्था के सहयोग से आयोजित स्वास्थ्य शिविर में एक मानसिक रूप से दिव्यांग युवक मिला, जिसने बातचीत के दौरान केवल इतना बताया कि उसका घर किसी फैक्ट्री के पास “तेलीपुरा” में है। इसी जानकारी को आधार बनाकर अस्पताल के एग्जीक्यूटिव आकाश यादव ने काउंसलिंग टीम, सामाजिक संस्थाओं, प्रशासन एवं स्थानीय लोगों की मदद से कई दिनों तक खोज अभियान चलाया। अंततः आगरा के तेलीपुरा क्षेत्र में युवक के परिवार का पता चला और उसकी पहचान गुलशन के रूप में हुई, जो लगभग पांच वर्षों से लापता था। डॉ. रिछी ने बताया कि जब गुलशन की मां, भाई और अन्य परिजन अस्पताल पहुंचे तो पूरा माहौल भावुक हो गया। वर्षों बाद बेटे को देखकर मां की आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। उन्होंने कहा कि अस्पताल का उद्देश्य केवल बीमारियों का उपचार करना नहीं, बल्कि लोगों के जीवन में आशा, विश्वास और मानवता को पुनर्जीवित करना भी है। पत्रकार वार्ता में यह भी बताया गया कि अस्पताल में प्रमुख पैथोलॉजी एवं रेडियोलॉजी जांचें सीजीएचएस दरों पर उपलब्ध कराई जा रही हैं, ताकि आम लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं कम लागत पर मिल सकें। भविष्य में भी अस्पताल मानसिक रूप से दिव्यांग, निराश्रित एवं लापता व्यक्तियों को उनके परिवारों से मिलाने जैसे सामाजिक कार्यों को निरंतर जारी रखेगा। इस अवसर पर अतुल एवं आकाश यादव सहित अस्पताल के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।







