PRATAPGARH NEWS: राज्यसभा में विपक्ष के उपनेता प्रमोद तिवारी ने अमेरिकी भारत टेªड समझौते को देशहित के खिलाफ करार दिया है। सोमवार की शाम बाबा घुइसरनाथ धाम के अतिथि गृह में मीडिया से रूबरू सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि यह व्यापार समझौता देश के किसानों तथा लघु एवं मध्यम उद्योग एवं बेरोजगारों के हित पर कुठाराघात है। उन्होने कहा कि भारतीय बान्नवे रूपये अमेरिकी एक डॉलर के बराबर है। सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि यह कैसा व्यापार समझौता है कि अमेरिका को भारत में शून्य देना है और भारत को अमेरिका में टेªड के लिए अठारह प्रतिशत टैरिफ देना होगा। उन्होने कहा कि इस समझौते का एक बड़ा सवाल है कि दोनों देशों के बीच व्यापार के क्षेत्र में कैसे स्वतंत्र मुकाबला होगा। उन्होने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को इस समझौते की मजबूरी पर चुप्पी तोडनी चाहिए। उन्होने कहा कि यह समझौता पूरी तरह से देशहित के खिलाफ है। एप्सटिन फाइल को लेकर एक सवाल के जबाब में उन्होने कहा कि एक केन्द्रीय मंत्री की स्वीकरोक्ति चौंकाने वाली है। उन्होने कहा कि ऐसे मंत्री को फौरन अपने पद से नैतिकता के तहत त्याग पत्र दे देना चाहिए। संगम में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद से जुडे सवाल को लेकर सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि भाजपा सरकार ने समस्या के समाधान का कोई भी प्रयास नही किया। उन्होने कहा कि घूसखोर पंडत जैसे इस प्रकार के कारनामे भाजपा के पराभव का संकेत है। वार्ता के दौरान मीडिया प्रभारी ज्ञानप्रकाश शुक्ल भी मौजूद रहे।







