जयपुरिया स्कूल में साइबर जागरूकता कार्यशाला, छात्रों को ठगी से बचाव के बताए तरीके
फतेहपुर। अक्टूबर माह को अंतरराष्ट्रीय साइबर जागरूकता माह के रूप में मनाए जाने के क्रम में बुधवार को जयपुरिया स्कूल फतेहपुर में साइबर जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। पुलिस महानिदेशक के निर्देश पर आयोजित अभियान में विद्यार्थियों को बढ़ते साइबर अपराधों और उनसे बचाव के उपायों की जानकारी दी गई।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश राय के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी साइबर अपराध गौरव शर्मा के नेतृत्व में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक प्रभांशु शुक्ल, हेड कांस्टेबल अखिलेश उपाध्याय और विपिन यादव ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया। प्रधानाचार्य गायत्री प्रसाद मिश्र समेत शिक्षक मौजूद रहे। कार्यशाला में बैंकिंग फ्रॉड, क्यूआर कोड के जरिए ठगी, व्हाट्सएप हैकिंग, ओएलएक्स व केवाईसी फ्रॉड, फर्जी एप, ऑनलाइन लोन स्कैम, निवेश और गेमिंग एप से होने वाली धोखाधड़ी की जानकारी दी गई। एटीएम, इंटरनेट मीडिया और अन्य ऑनलाइन ठगी के तरीकों से भी विद्यार्थियों को सावधान किया गया। साइबर टीम ने सेक्सटॉर्शन और न्यूड कॉल ब्लैकमेलिंग को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी। बताया गया कि साइबर अपराधी फर्जी महिला प्रोफाइल से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजकर वीडियो कॉल के जरिए स्क्रीन रिकॉर्ड कर बाद में ब्लैकमेल कर सकते हैं। विद्यार्थियों से अनजान लोगों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करने और संदिग्ध वीडियो कॉल से बचने की अपील की गई। पुलिस टीम ने बताया कि साइबर ठगी होने पर देरी न करें। तत्काल 1930 पर कॉल करें अथवा साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश राय के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी साइबर अपराध गौरव शर्मा के नेतृत्व में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक प्रभांशु शुक्ल, हेड कांस्टेबल अखिलेश उपाध्याय और विपिन यादव ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया। प्रधानाचार्य गायत्री प्रसाद मिश्र समेत शिक्षक मौजूद रहे। कार्यशाला में बैंकिंग फ्रॉड, क्यूआर कोड के जरिए ठगी, व्हाट्सएप हैकिंग, ओएलएक्स व केवाईसी फ्रॉड, फर्जी एप, ऑनलाइन लोन स्कैम, निवेश और गेमिंग एप से होने वाली धोखाधड़ी की जानकारी दी गई। एटीएम, इंटरनेट मीडिया और अन्य ऑनलाइन ठगी के तरीकों से भी विद्यार्थियों को सावधान किया गया। साइबर टीम ने सेक्सटॉर्शन और न्यूड कॉल ब्लैकमेलिंग को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी। बताया गया कि साइबर अपराधी फर्जी महिला प्रोफाइल से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजकर वीडियो कॉल के जरिए स्क्रीन रिकॉर्ड कर बाद में ब्लैकमेल कर सकते हैं। विद्यार्थियों से अनजान लोगों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करने और संदिग्ध वीडियो कॉल से बचने की अपील की गई। पुलिस टीम ने बताया कि साइबर ठगी होने पर देरी न करें। तत्काल 1930 पर कॉल करें अथवा साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।