शपथ पत्र और भौतिक सत्यापन के बाद ही मिलेगी फीस प्रतिपूर्ति, अनियमितता पर होगी कड़ी कार्रवाई
KAUSHAMBI NEWS::शिक्षा का अधिकार 2009 के तहत गैर सहायता प्राप्त निजी विद्यालयों में नामांकित छात्र-छात्राओं की फीस प्रतिपूर्ति एवं वित्तीय सहायता के पारदर्शी भुगतान को लेकर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के निर्देश पर खंड शिक्षा अधिकारी सिराथू डॉ. प्रज्ञा सिंह ने पांच निजी विद्यालयों का औचक निरीक्षण कर छात्रों का भौतिक सत्यापन कराया। निरीक्षण में आरटीई के तहत दर्ज बच्चों की तुलना में बड़ी संख्या में छात्र अनुपस्थित पाए गए, जिस पर खंड शिक्षा अधिकारी ने संबंधित विद्यालयों के प्रबंधकों एवं प्रधानाध्यापकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।निरीक्षण के दौरान मीरा देवी प्राथमिक विद्यालय में आरटीई के तहत दर्ज 53 छात्रों में 29, गयादीन साहू विद्यालय में 31 में 19, मातृभूमि पीएस में 183 में 97 तथा आरके मेमोरियल कॉन्वेंट स्कूल में 32 में 29 छात्रअनुपस्थित मिले। वहीं कृष्णा देवी पीएस, साखा में 30 नामांकित बच्चों में केवल 16 छात्र ही उपस्थित पाए गए। इसके अलावा विद्यालय प्रशासन चालू सत्र के नामांकित छात्रों से संबंधित आवश्यक अभिलेख भी प्रस्तुत नहीं कर सका।खंड शिक्षा अधिकारी डॉ. प्रज्ञा सिंह ने जारी नोटिस में विद्यालय प्रबंधन से पूछा है कि आरटीई के तहत नामांकित छात्र विद्यालय में उपस्थित क्यों नहीं हैं, वे कब से अनुपस्थित हैं तथा यदि किसी छात्र का प्रवेश किसी अन्य विद्यालय में हो चुका है तो उसका नाम अब तक छात्र पंजिका में क्यों दर्ज है। सभी विद्यालयों को प्रत्येक बिंदु का स्पष्ट जवाब शपथ पत्र के साथ प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।डॉ. प्रज्ञा सिंह ने स्पष्ट किया कि विद्यालयों द्वारा उपलब्ध कराए गए अभिलेखों एवं शपथ पत्र का पुनः भौतिक सत्यापन कराया जाएगा। सत्यापन में संतोषजनक स्थिति मिलने के बाद ही फीस प्रतिपूर्ति की धनराशि के भुगतान की संस्तुति की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि शासन की मंशा के अनुरूप केवल पात्र एवं वास्तविक छात्रों को ही योजना का लाभ मिलेगा। यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता, फर्जी नामांकन या तथ्य छिपाने की पुष्टि होती है तो संबंधित विद्यालयों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।







