PRAYAGRAJ NEWS: निपुण भारत मिशन के निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध रूप से प्राप्त करने तथा शैक्षणिक सत्र 2026-27 की नई अकादमिक रणनीति को प्रभावी ढंग से लागू करने के उद्देश्य से मंगलवार को केपी कम्यूनिटी सभागार में जनपद स्तरीय ‘निपुण संकल्प कार्यशाला’ का भव्य आयोजन किया गया। कार्यशाला में शिक्षा विभाग के अधिकारियों, डायट मेंटर्स, खंड शिक्षा अधिकारियों, एआरपी, एसआरजी तथा निपुण भारत मिशन से जुड़े अकादमिक विशेषज्ञों ने सहभागिता कर विद्यालयी शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने पर विस्तृत मंथन किया। कार्यशाला का शुभारंभ जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) के प्राचार्य राजेंद्र प्रताप, मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक संजय कुशवाहा तथा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। संचालन मिड डे मील प्रभारी राजीव त्रिपाठी ने किया। कार्यशाला में शैक्षणिक सत्र 2026-27 की नई अकादमिक रणनीति, वार्षिक अकादमिक कैलेंडर, परख राष्ट्रीय सर्वेक्षण के निष्कर्ष, बालवाटिका के प्रभावी संचालन, कक्षा 1 से 5 तक स्ट्रक्चर्ड पेडागॉजी, निपुण एप में प्रस्तावित संशोधन, डुप्लीकेट एवं कैच-अप शिक्षण, विद्यालयों के वार्षिक लक्ष्यों के निर्धारण तथा विभागीय प्राथमिकताओं की विस्तार से समीक्षा की गई। विशेषज्ञों ने शिक्षकों को नई शिक्षण पद्धतियों और कक्षा-कक्ष में उनके प्रभावी क्रियान्वयन की जानकारी भी दी। इसके अलावा एनएमएमएस पोर्टल के प्रभावी उपयोग, डेटा आधारित अनुश्रवण, बीईओ एवं एआरपी के बीच बेहतर समन्वय, शिक्षक संकुलों की गुणवत्ता में सुधार तथा सपोर्टिव सुपरविजन के अंतर्गत शिक्षकों को नियमित फीडबैक और हैंडहोल्डिंग की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि बच्चों की आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक दक्षता को मजबूत बनाने के लिए विद्यालय स्तर पर सतत मॉनिटरिंग और नवाचार आधारित शिक्षण आवश्यक है। शासन के निर्देशों के अनुसार कार्यशाला में नामित सभी प्रतिभागियों की उपस्थिति सुनिश्चित कराई गई। आयोजन की समस्त व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्वारा निभाई गई, जबकि कार्यशाला से संबंधित व्यय वित्तीय नियमों के अनुरूप वहन किया गया। कार्यशाला में डायट प्राचार्य राजेंद्र प्रताप, मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक संजय कुशवाहा, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार, सभी खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ), एसआरजी, एआरपी, डायट मेंटर, जिला समन्वयक (प्रशिक्षण), निपुण भारत मिशन से जुड़े अधिकारी एवं अकादमिक रिसोर्स पर्सन उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त समीर कुमार (जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जौनपुर), शुभम, रितेश, गर्व, मनीष कुमार कनौजिया, अभिनव कुमार सहित बड़ी संख्या में शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं शिक्षक-प्रशिक्षक मौजूद रहे।







