Home उत्तर प्रदेश लर्निंग बाय डूइंग एक नए आगाज की है संज्ञा: डा संतोष शुक्ला

लर्निंग बाय डूइंग एक नए आगाज की है संज्ञा: डा संतोष शुक्ला

विज्ञान एक ऐसा वरदान है जो लाता है नई तकनीक रू बीएसए
बहरिया ब्लाक में करके सीखना पर  हुई कार्यशाला
PRAYAGRAJ NEWS: करके सीखना एक परिकल्पना नहीं हकीकत है, इसे आज प्रयागराज के बहरिया ब्लाक में करके सीखना एक परिकल्पना नहीं हकीकत है इसे आज प्रयागराज के बहरिया ब्लाक में आयोजित लर्निंग बाय डूइंग की एक दिवसीय कार्यशाला में प्रत्यक्ष रूप से देखा गया। नासी से  जुड़े डॉ ओम प्रकाश गुप्ता ने बहरिया ब्लाक के परिषदीय विद्यालयों के कक्षा 6, 7 और 8 के छात्रों को विज्ञान से जुड़े  बड़े – बड़े  सिद्धांत जैसे आर्कमिडीज के सिद्धांत को समझाते हुए पनडुब्बी किस प्रकार कार्य करती है वह पानी के अंदर कितने मीटर पर रहेगी यह तय करना बोतल द्वारा प्रयोग करके समझाया, वायुदाब को प्रयोग के माध्यम से, जापान में चलने वाली बुलेट ट्रेन के मैग्नेटिक फील्ड के सिद्धांत तथा अन्य कई सिद्धांतों को छोटे-छोटे प्रयोग के द्वारा करके सिखाया गया जिसमें छात्रों द्वारा उत्साह पूर्वक प्रतिभाग किया। छात्रों ने विभिन्न प्रयोगों को सिर्फ देखा ही नहीं अपितु स्वयं करके सीखा। लर्निंग बाय डूइंग की एकदिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी प्रयागराज अनिल कुमार ने आज किया। कार्यक्रम में डाइट मेंटल डॉ राजेश कुमार पांडे, खंड शिक्षा अधिकारी शिव अवतार उपस्थित थे।. कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नासी के डायरेक्टर डॉ संतोष शुक्ला थे। कार्यक्रम में बहरिया ब्लाक के सभी एआरपी, शिक्षक एवं अभिभावक उपस्थित रहे। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनिल कुमार ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि विज्ञान एक ऐसा वरदान है जो नित्य नई तकनीकियों को लाता है हमारे बच्चों में यदि आज वैज्ञानिक सोच विकसित हो गई तो वह बढ़ती हुई भारत की जनसंख्या को संसाधन उपलब्ध कराने में सक्षम रहेंगे। कार्यक्रम के समापन के अवसर पर मुख्य अतिथि डॉ संतोष शुक्ला थे। उन्होंने कहा कि इसे समापन नहीं बल्कि एक नए आगाज की संज्ञा दी। खंड शिक्षा अधिकारी ने इसी तरह के नवाचार जारी रखने का वायदा किया। यह कार्यक्रम एआरपी बहरिया श्रीमती नेहा ओझा के नेतृत्व में सकुशल एवं गुणवत्ता पूर्ण संपन्न हुआ।