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कुशीनगर में इंटरनेशनल बुद्धिस्ट कॉन्क्लेव-2026 के दूसरे दिन विविध कार्यक्रमों का सफल आयोजन

निवेश एवं पर्यटन संभावनाओं पर हुआ मंथन

KUSHINAGAR NEWS: में इंटरनेशनल बुद्धिस्ट कॉन्क्लेव-2026 के दूसरे दिन विविध कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया गया जहाँ इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना एवं खेल भावना को प्रोत्साहित करना रहा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि राकेश जायसवाल एवं जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर रहे। उन्होंने हरी झंडी दिखाकर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया तथा प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। अपने संबोधन में मुख्य अतिथियों ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करते हैं, बल्कि समाज में एकता, अनुशासन एवं सकारात्मक ऊर्जा का भी संचार करते हैं। प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में युवाओं, छात्र-छात्राओं एवं स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया तथा आयोजन को सफल बनाने वाले सभी विभागों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। इसी क्रम में कांक्लेव के दूसरे दिन महापरिनिर्वाण स्थल, कुशीनगर में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग की संभावनाओं पर एक विशेष सत्र आयोजित किया गया, जिसकी अध्यक्षता पडरौना विधायक मनीष जायसवाल ने की। इस अवसर पर सेवानिवृत्त आईएएस दीपक अग्रवाल सहित विभिन्न विशेषज्ञों ने अपने विचार व्यक्त किए.  सांसद विजय कुमार दुबे ने अपने संबोधन में कहा कि कुशीनगर धार्मिक एवं पर्यटन दृष्टि से वैश्विक स्तर पर महत्वपूर्ण स्थान रखता है, जहाँ देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक एवं श्रद्धालु प्रतिवर्ष आते हैं। इसके साथ ही उन्होंने इस क्षेत्र को खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के लिए अत्यंत उपयुक्त बताते हुए कहा कि यहाँ कृषि आधारित संसाधनों की प्रचुर उपलब्धता है, जो उद्योग स्थापना के लिए मजबूत आधार प्रदान करती उन्होंने कहा कि यदि इन संसाधनों का वैज्ञानिक एवं व्यवस्थित तरीके से उपयोग किया जाए, तो न केवल स्थानीय किसानों की आय में वृद्धि होगी, बल्कि बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। सांसद श्री दुबे ने यह भी उल्लेख किया कि इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय आयोजनों से कुशीनगर को नई पहचान मिल रही है, जिससे निवेशकों का विश्वास बढ़ा है और जनपद विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। उन्होंने निवेशकों से अपील करते हुए कहा कि वे कुशीनगर की अपार संभावनाओं का लाभ उठाएं और यहाँ निवेश कर क्षेत्र के समग्र विकास, औद्योगिक प्रगति तथा स्थानीय युवाओं के उज्ज्वल भविष्य में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।

उत्तर प्रदेश बना निवेशकों का ‘पैराडाइज’, पराली से बायो-सीएनजी उत्पादन की बड़ी पहल
 पूर्व आईएएस दीपक अग्रवाल से संबद्ध कंपनी द्वारा प्रदेश में बड़े स्तर पर निवेश किया जा रहा है, जिसकी साझेदारी भारत पेट्रोलियम एवं ऑयल इंडिया जैसी प्रमुख कंपनियों के साथ है। वक्ताओं ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज निवेशकों के लिए “Investors’ Paradise” के रूप में उभर रहा है। कंपनी द्वारा इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम आदि के सहयोग से प्रदेश में 25 बायो-सीएनजी प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं, जिनमें पराली (कृषि अवशेष) का उपयोग कच्चे माल के रूप में किया जाएगा। प्रत्येक प्लांट से प्रतिदिन लगभग 15,000 किलोग्राम बायो-सीएनजी गैस का उत्पादन होगा। इस पहल के अंतर्गत लगभग ₹3000 करोड़ का निवेश प्रस्तावित है, जिसमें से ₹1000 करोड़ की लागत से 8 प्लांट्स का निर्माण कार्य विभिन्न जनपदों में प्रारंभ हो चुका है। कुशीनगर जनपद में लगभग 5000 टन सीएनजी उत्पादन की योजना है, जिससे करीब 45,000 घरों को एक वर्ष तक गैस की आपूर्ति संभव होगी। वक्ताओं ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में यह पहल स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में क्रांतिकारी सिद्ध होगी। अपर मुख्य सचिव (पर्यटन) मुकेश मेश्राम ने कहा कि कुशीनगर विश्व बौद्ध धरोहर का प्रमुख केंद्र है और यह कांक्लेव पर्यटन की संभावनाओं को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा पर्यटन अवसंरचना को सुदृढ़ करने एवं निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है। जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने अपने संबोधन में कहा कि कुशीनगर बौद्ध पर्यटन का एक प्रमुख अंतरराष्ट्रीय केंद्र है, जहां निवेश, पर्यटन एवं स्थानीय उद्योगों के विकास की असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने निवेशकों को हर संभव सहयोग का आश्वासन देते हुए जनपद में उपलब्ध संसाधनों के समुचित उपयोग पर बल दिया। उन्होंने बताया कि जनपद में आधारभूत संरचनाओं का तीव्र गति से विकास हो रहा है, जिसमें अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, सड़क नेटवर्क एवं लॉजिस्टिक सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण शामिल है। साथ ही, युवाओं को कौशल विकास से जोड़कर रोजगार के अवसर बढ़ाए जा रहे हैं तथा महिला स्वयं सहायता समूहों को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। अंतिम सत्र में पैनल डिस्कशन का आयोजन किया गया जिसमें महापरिनिर्वाण स्थल को हेरिटेज के रूप में मैपिंग करते हुए विकसित करने पूर्वांचल में हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में संभावनाएं सस्टेनेबल टूरिज्म एवं एकेडमिक सेशन का आयोजन किया गया जिसमें विभिन्न सेक्टर के विशिष्ट प्रवक्ताओं ने अपने विचारों सुझाव ऑन का आदान-प्रदान किया फिक्की होटल विवेक के निदेशक होटल ताज के मालिक लखनऊ विश्वविद्यालय के टूरिज्म विभाग के हेड राजेश चंद्र ने महत्वपूर्ण बिंदुओं पर प्रकाश डाला। एयर इंडिया के के प्रतिनिधि ने कुशीनगर को एयर कनेक्टिविटी से जोड़ने पर अपने विचार व्यक्त किया ताकि विदेशों से भी आसानी से लोग आ जा सके कुशीनगर एक सांस्कृतिक धरोहर है इसको सुरक्षित रखना के लिए इसका डिजिटल डॉक्यूमेंटेशन करना आवश्यक है विदेशियों को बेहतर सुविधा दिया जाए अंत में उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कांक्लेव के दौरान प्राप्त सुझावों को गंभीरता से लेते हुए उनके प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में कार्य करें, ताकि कुशीनगर को एक विकसित एवं निवेश अनुकूल जनपद के रूप में स्थापित किया जा सके।
वाद-विवाद प्रतियोगिता के परिणाम घोषित

प्रथम अंतरराष्ट्रीय बुद्धिस्ट कॉन्क्लेव के अंतर्गत शांति उपवन में आयोजित वाद-विवाद प्रतियोगिता के परिणाम घोषित किए गए। उच्च शिक्षा संवर्ग में स्वीटी शर्मा, उम्मी हबीबा, ऐश्वर्या त्रिपाठी (डायट कुशीनगर) प्रथम स्थान पर रहे, जबकि काजल गुप्ता, शशि प्रभा, वासु गोंड, तब्बू (डायट कुशीनगर) द्वितीय स्थान पर रहे। माध्यमिक शिक्षा संवर्ग में शशांक कुशवाह, लव कुमार, शांभवी उपाध्याय, प्रतिभा यादव, अनन्या जायसवाल ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। आलोक यादव, अमित यादव, नंदिता श्रीवास्तव, अग्रिमा गुप्ता द्वितीय तथा कौशिकी गुप्ता, आशी गुप्ता, समृद्धि राज एवं आंशिका राय ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। बेसिक संवर्ग में ऋत्विज एवं मोहन सिंह प्रथम, महिमा सिंह द्वितीय तथा चंद्रकेश वर्मा, विनीता एवं सुमित श्रीवास्तव तृतीय स्थान प्राप्त किया। जिलाधिकारी ने कार्यक्रम के अंत में नेपाल थाईलैंड एवं अन्य विदेश से आए हुए  बौद्ध भिक्षुकों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।