Home उत्तर प्रदेश त्र्यंबकेश्वर कुंभ में भव्यता के साथ  होगे शामिलरू डा लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी

त्र्यंबकेश्वर कुंभ में भव्यता के साथ  होगे शामिलरू डा लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी

मेले के तैयारियों की जिम्मेदारी प्रदेश अध्यक्ष महामण्डलेश्वर पार्वती नंद गिरि, सचिव पायलनंद गिरि को-
किन्नर अखाडा के सभी पदाधिकारी, संत, महंत, बडी संख्या में शिष्य होगे शामिल-
 PRAYAGRAJ NEWS:  किन्नर अखाड़ा के आचार्य महामण्डलेश्वर प्रो (डा) स्वामी लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी महाराज के नेतृत्व में त्र्यंबकेश्वर (नासिक) कुंभ – 2027 की तैयारियां किन्नर अखाड़ा ने व्यापक स्तर पर शुरू हो गयी है। माघ मेला प्रयागराज और दिल्ली में किन्नर अखाड़ा की हुई बैठक में तय किया गया है कि किन्नर अखाडा के सभी संत, महात्मा, पदाधिकारी और बडी संख्या में शिष्य त्र्यंबकेश्वर (नासिक) कुंभ में शामिल होगे और भव्यता के साथ देवत्व यात्रा और अमृत स्नान किया जाएगा। किन्नर अखाडा की ओर से कुंभ की सभी तैयारियों की जिम्मेदारी महाराष्ट्र की किन्नर अखाडा की प्रदेश अध्यक्ष महामण्डलेश्वर स्वामी पार्वती नंद गिरि और सचिव महामण्डलेश्वर स्वामी पायलनंद गिरि को सौपी गयी है। किन्नर अखाड़ा के आचार्य महामण्डलेश्वर प्रो (डा) स्वामी लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी महाराज ने बताया कि त्र्यंबकेश्वर (नासिक कुंभ मेला- 2027,)   31 अक्टूबर 2026 से शुरू होकर जुलाई 2028 तक (मुख्य आयोजन 2027 में) गोदावरी नदी के तट पर आयोजित किया जाएगा। महाराष्ट्र सरकार ने इसे औपचारिक रूप से घोषित किया है, जिसमें 2 अगस्त 2027 (अमृत स्नान) प्रमुख है। यह कुंभ आधुनिक तकनीक और एआई से युक्त होगा। किन्नर अखाड़ा के आचार्य महामण्डलेश्वर प्रो (डा) स्वामी लक्ष्मीनारायण त्रिपाठी महाराज ने बताया कि पहला अमृत स्नान (सोमवती अमावस्या) का स्नान 2 अगस्त 2027, दूसरा अमृत स्नान 31 अगस्त 2027 और तीसरा शाही स्नान 11 सितंबर 2027 (एकादशी) को होगा। उन्होंने त्र्यंबकेश्वर कुंभ की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए बताया कि 12 वर्षों में आयोजित होने वाला यह मेला, श्प्रौद्योगिकी सक्षम कुंभश् होगा, जिसमें एआई के माध्यम से भीड़ प्रबंधन और डिजिटल अनुभव प्रदान किया जाएगा जिसकी व्यापक स्तर पर सरकार तैयारियां कर रही है। उन्होंने बताया कि यह सनातन धर्म (हिंदुओं) का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन है, जो सिंह राशि में बृहस्पति के प्रवेश के समय आयोजित होता है। अमृत स्नान (शाही स्नान) के दिन साधु – संत और लाखों श्रद्धालु गोदावरी नदी के पवित्र जल में डुबकी लगाते  हुए अक्षय पुण्य प्राप्त करते हैं। बैठक में किन्नर अखाडा के संरक्षक महंत दुर्गा दास महराज, महाराष्ट्र की प्रदेश अध्यक्ष महामण्डलेश्वर स्वामी पार्वती नंद गिरि, सचिव महामण्डलेश्वर स्वामी पायलनंद गिरि, पुणे की नायक रंजीता, पिंकी माई श्रीरामपुर, मनीषा माई, काजल माई पुणे सहित अन्य प्रमुख  लोग थे।