JHANSI NEWS: सनातन संस्कृति, हिन्दू धर्म और सामाजिक समरसता को सशक्त बनाने के उद्देश्य से वीरांगना नगर स्थित कालीचरण पार्क में रविवार को विराट हिन्दू सम्मेलन का भव्य एवं ऐतिहासिक आयोजन किया गया। सर्व हिन्दू समाज के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस सम्मेलन ने क्षेत्र में हिन्दू जागरण की नई ऊर्जा और चेतना का संचार किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक कार्यकर्ता, युवा एवं प्रबुद्ध नागरिकों की उपस्थिति रही।
कार्यक्रम का शुभारंभ दोपहर 2 बजे हुआ। मंच पर अयोध्या धाम स्थित बावन मंदिर के पीठाधीश्वर श्री श्री 1008 परमश्रद्धेय महंत वैदेहीवल्लभ शरण जी महाराज मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। सम्मेलन की अध्यक्षता भारतीय स्टेट बैंक से सेवानिवृत्त जय प्रकाश अमरया ने की, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, कानपुर प्रांत के मुनीश सह प्रांत प्रचारक ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया। मुख्य अतिथि महंत वैदेहीवल्लभ शरण जी महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि सनातन धर्म केवल आस्था नहीं, बल्कि जीवन जीने की पद्धति है, जो समाज को नैतिकता, अनुशासन और परस्पर सम्मान की भावना से जोड़ता है। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि समाज अपनी सांस्कृतिक जड़ों को पहचाने और एकजुट होकर धर्म एवं राष्ट्र की रक्षा के लिए आगे आए। मुख्य वक्ता मुनीश सह प्रांत प्रचारक ने कहा कि हिन्दू समाज की एकता ही राष्ट्र की सबसे बड़ी शक्ति है। उन्होंने सामाजिक समरसता, संस्कारयुक्त शिक्षा, परिवार व्यवस्था और राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने आह्वान किया कि प्रत्येक व्यक्ति अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए समाज को सशक्त बनाने में योगदान दे। सम्मेलन में पूज्य मौनी महाराज एवं सुदीप महाराज ने भी अपने विचार व्यक्त किए और धर्म, संस्कार तथा सेवा को जीवन का आधार बनाने का संदेश दिया। वक्ताओं ने कहा कि जब समाज सांस्कृतिक रूप से जागरूक होता है, तभी राष्ट्र सशक्त बनता है।
सम्मेलन के दौरान मंच पर अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। आयोजन को सफल बनाने में हिन्दू सम्मेलन आयोजन समिति एवं सकल हिन्दू समाज, वीरांगना नगर की अहम भूमिका रही। कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में युवाओं एवं सामाजिक संगठनों का विशेष योगदान देखने को मिला। आयोजन समिति में डॉ. ललित (महानगर सह संपर्क प्रमुख), अंकित (महानगर विद्यार्थी प्रमुख), डॉ. विनोद (नगर कार्यवाह, शिवाजी नगर), शिवम (नगर विद्यार्थी प्रमुख), सत्यम (नगर बौद्धिक प्रमुख), डॉ. कौशल, संकल्प, अतुल, विपिन उपाध्याय (सेवा भारती), जनार्दन, सूर्या विवेक झा, मुकुल द्विवेदी, हर्षित, करुणा निधि मिश्रा, हिमांशु समाधियां एवं सुरेंद्र समाधियां सहित अनेक कार्यकर्ता सक्रिय रहे। कार्यक्रम के समापन पर विपिन उपाध्याय ने सभी संत-महात्माओं, वक्ताओं, अतिथियों, कार्यकर्ताओं एवं उपस्थित जनसमूह के प्रति आभार व्यक्त किया।







