Home आस्था सनातन धर्म में दर्शन,पूजन का विशेष महत्व:गुरुदेव

सनातन धर्म में दर्शन,पूजन का विशेष महत्व:गुरुदेव

विश्व कल्याण, विश्व शांति के लिए 12 दिवसीय तीर्थ यात्रा शुरू
ओम नमरू शिवाय के गुरुदेव 1,000 शिष्यों के साथ धार्मिक स्थलों की यात्रा को हुए रवाना

PRAYAGRAJ NEWS: ओम नमरू शिवाय के पूज्य गुरुदेव  विश्व शांति, विश्व कल्याण और लोगों की उन्नति के लिए 12 दिवसीय तीर्थ यात्रा के आज भोर मे एक हजार शिष्यों के साथ बलुआघाट स्थित आश्रम से रवाना हो गये है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक सनातनधर्मी को चाहिए कि वह सनातन धर्म के तीर्थ स्थलों का परिवार, साथियों सहित दर्शन पूजन अवश्य करें। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि सनातन धर्म में धार्मिक स्थलों के दर्शन, पूजन का विशेष महत्व होता है, ऐसे में सनातनधर्मियों को दर्शन, पूजन अवश्य करना चाहिए। यह बातें ओम नमरू शिवाय के पूज्य गुरुदेव ने बलुआघाट स्थित आश्रम में सत्संग,विशाल भण्डारा और 12 दिवसीय धार्मिक यात्रा शुरू करने के दौरान आज बडी संख्या मे शिष्यों से कही।
ओम नमरू शिवाय के गुरूदेव ने कहा कि यह यात्रा प्रयागराज से शुरू होकर चित्रकूट, मैहर, महाकाल, ओकारेश्वर, त्रैम्बकेश्वर, भीमाशंकर महादेव, घुश्मेश्वरनाथ, पडली वैधनाथम, नागेश्वर नाथ, मल्लिकार्जुन, रामेश्वरम, कन्याकुमारी, मदुरै और तिरूपतिबालाजी में दर्शन पूजन कर प्रयागराज वापसी होगी। गुरुदेव ने कहा कि इसके बाद तीर्थराज प्रयागराज का विश्व प्रसिद्ध माघ मेला तीन जनवरी पौष पूर्णिमा से शुरू होकर माघी पूर्णिमा तक चलेगा। इस दौरान देश, विदेश के करोडो श्रद्धालुओं के लिए विशाल भण्डारा दिन, रात चलता रहेगा। सत्संग के पश्चात विशाल भण्डारे में बडी संख्या में शिष्यों ने प्रसाद गहण किया।