FATEHPUR NEWS: नहर में पानी न आने से हजारों बीघा धान की फसल सूखने से नष्ट होने की कगार में है इसलिए किसी ने ठीक ही कहा है कि “का बरसे होइ कवर कृषि सुखाने” इस पर यह मुहावरा चरितार्थ हो रहा है। बताते चले कि हुसैनगंज की तरफ़ से आ रही रामगंगा नहर पूरी तरह से सूखी पड़ी होने से विकास खंड ऐरायाँ अंतर्गत देवारा, आरामपुर बसई, काजीपुर, मोहम्मदपुर गौती, अफोई, तौरा, मंडवा सहित दर्जनों गांव क्षेत्र की हजारों बीघा धान की फसल नहर में पानी न होने से सूख कर नष्ट होने लगी है। किसानों ने बताया कि इन दिनों धान की फसल में बाली निकलने का समय आ गया है, जिससे कि इस कंडीशन में धान की फ़सल अधिक पानी का खिंचाव करता है। तो वहीं दूसरी तरफ़ क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति की समस्या से भी किसानों को पर्याप्त बिजली नहीं मिलने के कारण खासा परेशानी उठानी पड़ रही है। देवारा ग्राम पंचायत के नरेंद्र यादव, भैंरवा खुर्द केअनिल विश्वकर्मा तथा चंदी का पुरवा निवासी विजय यादव सहित अन्य किसानों ने बताया कि नहर में पानी नहीं आने से क्षेत्र में धान की फसल पूरी तरह से सूख कर नष्ट हो रही है। मंगलवार को दोपहर 12 बजे पूरे मामले में नहर विभाग के जिलेदार से टेलीफोनिक वार्ता पर बताया गया कि आज पानी छोड़ दिया गया है, एक सप्ताह से दो सप्ताह में पानी गौती क्षेत्र में पहुंच जाएगा।







