Home आस्था हिंदू धर्म में छुआ छूत नहीं हैए यह अंग्रेजों की देन:स्वामी शाडिल्य

हिंदू धर्म में छुआ छूत नहीं हैए यह अंग्रेजों की देन:स्वामी शाडिल्य

छोटा होता परिवार कैसे समाजएदेश को नष्ट कर रहा:अशोक कुमार
PRAYAGRAJ NEWS: सकल हिन्दू समाज एवं आनंदपुरम बस्ती आयोजन समिति की ओर से आज आनंदपुरम कसारी मसारी चकिया में विराट हिन्दू सम्मेलन का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि श्रृंगवेरपुर पीठाधीश्वर श्री रामानुजाचार्य नारायणाचार्य शांडिल्य जी महाराज थे। उन्होंने आज के समय में हिंदू एकता और समाज में जातिवाद पर अपना विषय रखते हुए कहा कि हिंदू धर्म में कोई जाति की छुआ छूत नहीं हैएयह जाति भेद अंग्रेजों ने हिन्दुस्तानियों को बांटने के लिए हमारे देश में छुआछूत को बढ़ाया है। स्वामी शांडिल्य जी महाराज ने कहा कि प्रयागराज का कुंभ और महाकुम्भ देश में सामाजिक समरसता का सबसे बड़ा उदाहरण है। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता आरएसएस के वरिष्ठ प्रचारक एवं क्षेत्र के कुटुंब प्रबोधन प्रमुख अशोक ने परिवारों में घटते हुए सामंजस्य और भाईएभाई के प्रेम संबंधों के विषय में बोलते हुए कहा कि छोटा होता परिवार कैसे समाज और देश को नष्ट कर रहा है। देश की और अपनी तरक्की के लिए एक व्यक्ति के द्वारा किए जा सकने वाले प्रयासों पर भी अपना विषय रखा। उन्होंने कहा कि संघ के सौ वर्षों में की गई सेवा एवं संघ के द्वारा हिंदुओं को संगठित कर राष्ट्र को परम वैभव पर पहुंचने का लक्ष्य संघ के माध्यम से  संभव हो सकता है। संघ समाज के विभिन्न सामाजिक क्षेत्रों के साथ साथ अपने शताब्दी वर्ष में पंच परिवर्तन का संकल्प लेकर समाज में पुनः विगत कार्यों की श्रेणी को आगे बढ़ाने का कार्य करता रहेगा। कार्यक्रम के अध्यक्ष ज्योतिषाचार्य जगदीश प्रसाद मिश्राए प्रवक्ता सुमन पाठक और लोक निर्माण विभाग से सेवानिवृत्त राजेंद्र प्रसाद ने संयुक्त रूप से हिन्दुओं को संगठित करने आह्वान किया। मंचासीन अतिथियों का स्वागत माल्यार्पण कर एवं अंगवस्त्रम भेंट कर किया गया। इसके पूर्व कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता के चित्र पर पुष्पार्चन एवं मंगलाचरण और स्वस्तिवाचन से हुई। समापन पर सभी ने भारत माता की सामूहिक आरती की। इस दौरान मानस पाण्डेय और राकेश पाण्डेय ने  स्वस्तिवाचन किया। गरिमा पाण्डेय ने सांस्कृतिक गीत तो नक्षत्र और अक्षत ने सरस्वती वंदना और पवन श्रीवास्तवए जगदीश प्रसाद ने देशभक्ति गीत प्रस्तुत किया। शौर्य और अथर्व पाठक ने एक थे राजाराम गीत प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में रवि प्रकाश श्रीवास्तवए रवि नाथ तिवारीए कमल देव पांडेयए अमित मिश्राए रामानुज दुबेए विजय मिश्राए विजय शंकर रायए अमित शुक्लाए आलोक त्रिपाठीए प्रमोद शर्माए मनीष द्विवेदीए पवन श्रीवास्तवए नक्षत्रए अक्षतए जय प्रकाशए आदर्शए आशीष श्रीवास्तवए जगदीश प्रसाद आदि रहे। संचालन अधिवक्ता अमित मिश्रा एवं धन्यवाद ज्ञापन मनीष द्विवेदी ने किया।