भोजपुर-शाहपुर और छगड़िहवा-सोनबरसा बांधों का गैप भरने का कार्य जोरों पर, इटवा और डुमरियागंज के लाखों लोगों को होगा फायदा
SIDHARTHNAGAR NEWS: जिला प्रशासन और सिंचाई विभाग के अथक प्रयासों से जिले में पड़ने वाले दो प्रमुख बांधों छगड़िहवा-सोनबरसा और भोजपुर-शाहपुर बांध के निर्माण कार्य में बड़ी सफलता मिली है। इन बांधों में मौजूद गैप को भरकर बाढ़ से प्रभावित होने वाले लाखों लोगों को राहत देने का रास्ता साफ हो गया है। छगड़िहवा-सोनबरसा बांध में कुल 15.100 किलोमीटर का गैप मौजूद है, जिसमें से 9.200 किलोमीटर की लंबाई में बांध निर्माण के लिए किसानों से सहमति मिल चुकी है। सहायक अभियंता मनीष सिंह ने बताया कि शेष 5.900 किलोमीटर में पड़ने वाले गांवों परसा बुजुर्ग, जिगना माफी, पकड़ी, पाली, मूसा और सकतपुर के किसानों से सहमति लेने का काम तेजी से चल रहा है। जल्द ही इस परियोजना को मुख्य अभियंता समिति में प्रस्तुत कर दिया जाएगा।
वहीं, भोजपुर-शाहपुर बांध के विभिन्न हिस्सों में कुल 8.200 किलोमीटर का गैप है। सहायक अभियंता अमित कुमार मल्ल ने बताया कि इसमें से 3.00 किलोमीटर की लंबाई में पड़ने वाले गांव भरवटिया मुहस्तकम और भरवटिया एहतमाली के किसानों की 60 प्रतिशत भूमि की रजिस्ट्री हो चुकी है और शेष की सहमति प्राप्त कर ली गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि आगामी दो महीनों के भीतर इस हिस्से में बांध का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। शेष गैप में पड़ने वाले गांव बेवमुहस्तकम, वीरपुर मुहस्तकम, मछिर्या मुहस्तकम और फत्तेपुर के किसानों से सहमति और रजिस्ट्री का कार्य भी प्रगति पर है।
इन दोनों बांधों का निर्माण पूरा होने के बाद, इटवा और डुमरियागंज तहसील के कई गांवों और बड़े भू-भाग को हर साल आने वाली विनाशकारी बाढ़ से स्थायी राहत मिलेगी। यह जिले के विकास और सुरक्षा के लिए एक नई और महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।







