आरएसएस के सौ वर्ष पूर्ण स्वयंसेवकों ने निकाला पथ संचलन
PRATAPGARH NEWS: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की यह 100 वर्ष केवल समय की यात्रा नहीं बल्कि राष्ट्र साधना के सौ वर्षों की अखण्ड यात्रा है। संघ की सौ वर्ष की यात्रा हिंदुत्व से भारतीयता एवं भारतीयता से राष्ट्रीयता तक की यात्रा है। उक्त विचार मंगलवार को जिले के बीरापुर बाजार स्थित एक मैरिज हाल में संघ के विभाग संघचालक रमेश की अध्यक्षता में आरएसएस द्वारा आयोजित विजयादशमी उत्सव के मौके पर बतौर मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग प्रचारक ओम प्रकाश ने कहा। उन्होंने आगे कहा कि ” दुनिया भर में कई जगहों पर अशांत का माहौल है। दुनिया के कई देश सांस्कृतिक और राजनीतिक अस्थिरता से जूझ रहे हैं, ऐसे में प्रगति कर रहा और सशक्त होता भारत दुनिया का आकर्षण बन रहा है। लेकिन कुछ ताकतें भारत को पीछे से खींचने की कोशिश कर रही हैं। राष्ट्रीय विरोधी ताकते समाज को बांटने,दो समाजों के बीच दरार डालने और अराजकता फैलाने का कार्य कर रही है,ऐसी स्थिति में समाज को सजग और एकजुट रहना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यह याद रहना चाहिए कि हिंदू एकजुट है तो देश एकजुट है। सम्पूर्ण समाज को सशक्त बनाने के लिए हमें अपने कार्यों में पांच परिवर्तन लाने होंगे। उन्होंने कहा कि पर्यावरण के अनुकूल जीवन शैली, स्व का बोध, भेदभाव रहित व्यवहार, नागरिक कर्तव्यों का पालन और परिवार प्रबोधन।कार्यक्रम का संचालन खंड कार्यवाह नीरज ने किया। इसके उपरांत भारी संख्या में एकत्रित स्वयंसेवकों ने शांति पूर्ण एवं उत्साह के साथ पथ संचलन निकाला। इस अवसर पर मुख्य रूप से खंड संघचालक क्षमा शंकर,खंड कार्यवाह नीरज,निवर्तमान विधायक अभय कुमार उर्फ धीरज ओझा,ब्लॉक प्रमुख सत्यम ओझा,नीरज ओझा, राजेंद्र चौबे,चंद्रभूषण,विनोद,अश्विनी, अखिलेश,राजू,विवेक,रवि,शिवम सहित आदि मौजूद रहे। वहीं दूसरी ओर नगर क्षेत्र स्थित वीर सावरकर बस्ती में संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जिला कार्यवाह हेमंत कुमार की अध्यक्षता में आयोजित विजयादशमी उत्सव के मौके पर बतौर मुख्य वक्ता संघ के विभाग प्रचार प्रमुख प्रभा शंकर पाण्डेय ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ वास्तव में इस 100 वर्ष के कालखंड में पूरे हिंदुस्तान को सांस्कृतिक, आध्यात्मिक एवं विश्व कल्याण की भावना को दृष्टिगत रखते हुए समूचे राष्ट्र को समग्र दृष्टि से समृद्ध करने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि आजादी के पूर्व बिखरे हुए समाज को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ संगठित करने का प्रयास किया है,जिसका परिणाम रहा है कि पूरे हिंदुस्तान में प्रतिदिन एक घंटे की शाखा के माध्यम से हम प्रत्येक व्यक्ति के अंदर उसे राष्ट्र प्रेम की भावना से हृदयंगम करने का प्रयास करते हैं जिससे हमारा राष्ट्र चतुर्दिक दृष्टिकोण से समृद्धिशाली बना रहे और राष्ट्र का गौरव चिरकाल तक स्थाई रहे तथा यह राष्ट्र अपने परम वैभव को प्राप्त करें। इस मौके पर उन्होंने संघ के पंच प्रण के विषय में विस्तृत जानकारी दी। इसके पूर्व अतिथियों द्वारा अतिथियों द्वारा शस्त्र पूजन किया गया,तदुपरांत एकत्रित स्वयंसेवकों ने पथ संचलन निकाला।इस मौके पर नगर कार्यवाह अंकित, नगर व्यवस्था प्रमुख शिव सोनी,नगर संपर्क प्रमुख धीरज,बृजेंद्र सिंह,जिला मंत्री विहिप मनीष रावत,प्रिंस बरनवाल आदि उपस्थित रहे।







