प्रधानमंत्री के जन्मदिवस पर कृषि विभाग द्वारा आयोजित किया गया किसान मेला व गोष्ठी
BHADOHI NEWS: प्रधानमंत्री के जन्मदिवस के अवसर पर कृषि विभाग द्वारा किसान दिवस, आत्मा एवं उ.प्र. मिलेट्स योजनान्तर्गत किसान मेला व गोष्ठी का आयोजन किया गया। नगर के एक व्यवसायिक प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता सांसद डॉ.विनोद कुमार बिंद ने की। इस दौरान डीएम शैलेश कुमार बताया गया कि प्रधानमंत्री द्वारा कृषकों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से मोटे अनाज के उत्पादन पर बल दिया गया है। इनके द्वारा बताया गया कि हमारे पूर्वजों द्वारा श्री अन्न की खेती किया जाता रहा है। लेकिन हरित क्रांति के बाद श्री अन्न की खेती लगभग समाप्त हो गई। श्री अन्न अर्थात रागी, मडुवा, सांवा, कोदो, मक्का, ज्वार, बाजरा के उत्पादन को अधिक क्षेत्रफल में खेती किया जाए। जिससे कृषि में लागत कम आए और स्वास्थ्य अच्छा रहे। सांसद ने प्रधानमंत्री के जन्म दिवस की बधाई देते हुए बताया कि आजकल मानव में अनेक प्रकार के रोग बढ़ रहे हैं। इसका कारण रसायन युक्त भोजन होता है। यदि जैविक या रसायन मुक्त अन्न का उपभोग करें तो अधिकतर बीमार पैदा ही न हो। इसीलिए प्रधानमंत्री द्वारा श्री अन्न के उत्पादन पर जोर दिया जा रहा है। इनके द्वारा कृषकों से अपील किया गया कि श्री अन्न का अधिक से अधिक क्षेत्रफल में बुवाई करें। विधायक दीनानाथ भास्कर ने कहा कि बचपन में हमारे पूर्वजों द्वारा श्री अन्न की खेती किया जाता था। लेकिन अधिक उत्पादन के लालच में हम सब इस खेती को छोड़कर रसायन युक्त खेती करने लगे। जिससे कृषि में अधिक लागत आने लगी और रसायन युक्त खेती होने लगी। जिला कृषि अधिकारी इरम ने बताया कि प्राचीन सभ्यता में श्री अन्न का ही उत्पादन होता रहा। लेकिन जब देश में विदेशी शासन आया तब से पश्चिमी सभ्यता से हमारे देश में श्री अन्न समाप्त होता गया और खान-पान में बदलाव हो गया। जिससे शरीर में अनेक प्रकार की बीमारियों का जन्म होने लगा। कृषि वैज्ञानिक डॉ.आरपी चैधरी ने केवीके द्वारा मोटे अनाज के उत्पादन के बारे में तकनीकी जानकारी दी। कृषि वैज्ञानिक डॉ.रेखा सिंह ने मोटे अनाज के पोषण के महत्व पर प्रकाश डाला। उपकृषि निदेशक अवनीश सिंह ने भी संबोधित किया। वहीं सीडीओ बालगोविंद शुक्ल ने कृषकों को आश्वस्त किया गया कि जो भी समस्याएं किसानों द्वारा उठायी गयी उसका गुणवत्तापूर्ण समाधान किया जाएगा।







