शासन प्रशासन मौन, प्रशासनिक व्यवस्था फेल
PRAYAGRAJ NEWS: (सलीम खान) यमुना पार के बारा क्षेत्र के इलाकों में इन दिनों हाड़कंपानेवालीठंड और शीतलहर का प्रकोपलगातार बना हुआ है। तापमान मेंभारी गिरावट के बावजूद सरकारीआदेशों के तहत अलाव की व्यवस्थाजमीनी स्तर पर पूरी तरह नदारददिखाई दे रही है। बारा विधान सभा क्षेत्र सहित जसरा बारा लोहगरा घूरपुर गौहनिया धरा असरवई पचखरा अमरेहां जैसे गांवों और प्रमुख चैराहों पर कहीं भी अलाव जलता नजर नहीं आ रहा, जिससेआम जनजीवन खासा प्रभावित है सबसे आश्चर्य की बात यह है कि प्रयागराज मुख्यालय से तहसील एवं ब्लॉक जसरा के लिए रोजाना आने जाने वाले अधिकारियों को भी इस गंभीर समस्या से कोई फर्क पड़ता नजर नहीं आ रहा है। संबंधितसरकारी कर्मचारी और जिम्मेदारअधिकारी इन गांवों और चैराहों से होकर गुजरते हुए भी ठंड से कांप रहेलोगों की पीड़ा कीअनदेखी कर रहेहैं, जिससे उत्तर प्रदेश शासन के दिशा निर्देश केवलकागजों और फाइलों तक सीमित रहगया है। स्थानीय लोगों का कहना हैकिविभागीय स्तर पर फोटो के माध्यम से खानापूर्ति कर ली जाती है इसके बावजूद क्षेत्र के तमाम प्रधानों के माध्यम से अलाव जलने कीऔपचारिकता जरूर पूरी की जारहीहै, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है।वास्तविक स्थितियह है कि अधिकांश स्थानों पर न तोअलाव के लिए लकड़ी पहुंची हैऔर नही नियमित व्यवस्था की गईहै। इसका सीधाअसरमजदूरों,राहगीरों, बुजुगों, महिलाओंऔरस्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। इधर, क्षेत्रीय लोगों ने इस गंभीर समस्या को लेकर यूनाइटेड भारत हिंदी दैनिक के माध्यम से प्रयागराज के जिलाधिकारी सेभी अपील की है। ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों ने जिलाधिकारी प्रयागराज से मांगकी है कि यमुना पार के सभी गांवोंऔर चैराहों पर तत्काल प्रभाव सेअलाव की व्यवस्था कराई जाए तथा लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियोंऔर अधिकारियों के खिलाफ सख्तकार्रवाई की जाए, ताकि इस भीषणठंड मेंआमजनताको राहत मिलसके। समय से अलाव ना जलने से पर क्षेत्र वाशियो में रोष व्याप्त है!







