लालगंज में श्रीमदभागवत कथा विश्राम दिवस पर भावपूर्ण प्रसंगों पर मंत्रमुग्ध हुए श्रद्धालु
PRATAPGARH NEWS: नगर पंचायत लालगंज के सांगीपुर वार्ड में शुक्रवार को हो रही श्रीमदभागवत कथा के विश्राम दिवस में लोकमंगल के लिए भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का सार सुनकर श्रद्धालु भावविभोर दिखे। कथाव्यास पं. माधवपति त्रिपाठी जी महराज ने कहा कि द्वापर में भगवान श्रीकृष्ण जी ने अपनी विभिन्न लीलाआंे में धर्म के पालन और सदाचरण के जीवन का मार्गदर्शन किया है। उन्होने कहा कि अधर्म के रास्ते पर चलना जीव के लिए सदैव दुखदायी रहा है। पं. माधवपति जी ने कहा कि भगवान के नाम का जाप ही जीवन का सुमंगल है। उन्होने कहा कि धर्म को मानना और उसका पालन करना सनातनी का सबसे बड़ा कर्तव्य है। कथाव्यास पं. माधवपति जी ने कहा कि धर्मानुरागी कभी भी किसी अन्य जीवन का अमंगल सोच भी नही सकता। उन्होने कहा कि स्वयं को दुख में रखते हुए भी दूसरों के अधिकार की रक्षा के लिए सजग रहना धर्म का मूल है। उन्होने कहा कि भगवान की कथा को सुनने के साथ साथ जीवन पथ पर इससे मिलने वाली सीख को भी अपनाना चाहिए। उन्होने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा में नैतिक जीवन जीने की हमें सीख मिला करती है। उन्होने कहा कि यह ग्रन्थ जीवन का उपदेशात्मक मार्गदर्शन है। कथा के दौरान हरे कृष्ण हरे राधे के सामूहिक संकीर्तन में श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध देखा गया। कथा के संयोजक पूर्व चिकित्साधीक्षक डा0 पुरूषोत्तम शुक्ल, जयकृष्ण शुक्ल, डा0 आशीष शुक्ल, दयावती शुक्ला, रीतू शुक्ला, प्रियंका शुक्ला, गरिमा शुक्ला ने व्यासपीठ का मंगलाभिषेक किया। संयोजन समिति की ओर से डा0 पुरूषोत्तम शुक्ल ने शिक्षा तथा साहित्य व समाज के क्षेत्र में योगदान के लिए गणमान्यजनों को द्वारिकाधीश का मोमेण्टो प्रदान कर सम्मानित भी किया। श्रद्धालुओं का स्वागत डा0 प्रतिमा एवं डा0 रमेशचंद्र पाण्डेय ने किया। डा0 संस्कृति ने आभार प्रदर्शन किया। इस मौके पर चेयरपर्सन प्रतिनिधि संतोष द्विवेदी, दयाशंकर पाण्डेय, आचार्य शक्तिधरनाथ पाण्डेय, डॉ0 ज्ञानेन्द्र नाथ त्रिपाठी, डॉ0 पूर्णिमा मिश्रा, डॉ0 डीपी ओझा, केडी मिश्र, प्रो0 आरपी शुक्ला, डा0 आरएस त्रिपाठी, विशालमूर्ति मिश्र, गुरूवचन सिंह, ज्ञानप्रकाश शुक्ला, अनिल त्रिपाठी महेश, विकास मिश्र, सूर्य नारायण तिवारी, गिरीश मिश्र, दिवाकरनाथ शुक्ल, आचार्य विनोद मिश्र आदि रहे।







