Home उत्तर प्रदेश बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने आईसीएआई से ऐतिहासिक एमओयू कर रचा कीर्तिमान

बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने आईसीएआई से ऐतिहासिक एमओयू कर रचा कीर्तिमान

देश के 16 चुनिंदा विश्वविद्यालयों में बनाई विशिष्ट पहचान
JHANSI NEWS: बुंदेलखंड विश्वविद्यालय ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अकादमिक उत्कृष्टता का परिचय देते हुए देश की सर्वोच्च लेखांकन संस्था द इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) के साथ ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस उपलब्धि के साथ विश्वविद्यालय ने देशभर के केवल 16 चयनित प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों में अपना स्थान सुनिश्चित किया है, जो विश्वविद्यालय के लिए अत्यंत गौरव का विषय है।
यह एमओयू नई दिल्ली स्थित द ललित होटल में आयोजित आईसीएआई के दो दिवसीय ‘ग्लोबल एजुकेशन समिट 2026’ के दौरान संपन्न हुआ। इस समिट में देश के 24 राज्यों एवं 2 केंद्र शासित प्रदेशों के शिक्षाविदों ने सहभागिता की। एमओयू का आदान-प्रदान  राज्यसभा सांसद सीए अरुण सिंह तथा आईसीएआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष सीए चरणजोत सिंह नंदा की उपस्थिति में हुआ। यह महत्वपूर्ण उपलब्धि कुलपति प्रोफेसर मुकेश पाण्डेय के दूरदर्शी नेतृत्व एवं कुशल मार्गदर्शन का प्रतिफल है। विश्वविद्यालय की ओर से इस अवसर पर गणितीय विज्ञान एवं कंप्यूटर अनुप्रयोग विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर अवनीश कुमार तथा डॉ. धर्मेंद्र बादल ने प्रतिनिधित्व किया। इस एमओयू को साकार करने में आईक्यूएसी निदेशक प्रोफेसर सुनील काबिया, प्रोफेसर सी.बी. सिंह एवं प्रोफेसर अर्चना वर्मा का उल्लेखनीय समन्वय रहा। आईसीएआई झांसी शाखा के अध्यक्ष सीए उज्ज्वल मोदी ने बताया कि यह समझौता केवल वाणिज्य संकाय तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि अर्थशास्त्र, प्रबंधन, होटल एवं पर्यटन विभागों के छात्रों को भी लाभान्वित करेगा। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) के अनुरूप शॉर्ट-टर्म कोर्स, सेमिनार एवं कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों के कौशल विकास के साथ-साथ रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इसके अतिरिक्त, सीए डिग्री को पीएचडी प्रवेश हेतु स्नातकोत्तर के समकक्ष मान्यता भी प्राप्त होगी। डॉ. धर्मेंद्र बादल एवं सीए उज्ज्वल मोदी के अथक प्रयासों से संपन्न यह एमओयू बुंदेलखंड क्षेत्र के युवाओं को लेखांकन एवं वित्त के क्षेत्र में राष्ट्रीय एवं वैश्विक पहचान दिलाने की दिशा में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर सिद्ध होगा।