AURAIYA NEWS: न्यायालय परिसर में न्यायमूर्ति उच्च न्यायालय, प्रयागराज / प्रशासनिक न्यायमूर्ति सत्र संभाग, औरैया जितेन्द्र कुमार सिन्हा, के अमूल्य व कुशल निर्देशन में तथा जनपद न्यायाधीश, औरैया मयंक चौहान के कुशल नेतृत्व व निगरानी में जनपद न्यायालय, औरैया एवं बाह्य न्यायालय बिधूना तथा जनपद औरैया के विभिन्न राजस्व न्यायालयों तथा अन्य विभागों में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ न्यायमूर्ति जितेन्द्र कुमार सिन्हा, प्रशासनिक न्यायाधीश सत्र संभाग औरैया, मयंक चौहान जनपद न्यायाधीश औरैया, रजनीश कुमार पीठासीन अधिकारी (एमएसीटी) औरैया, विवेक त्रिपाठी प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय औरैया, रमेश कुमार सिंह अध्यक्ष स्थाई लोक अदालत औरैया, कु० पारूल जैन, अपर जिला जज प्रथम विकास गोस्वामी नोडल अधिकारी/विशेष न्यायाधीश (एस०सी०एस०टी० एक्ट) तथा महेश कुमार सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण औरैया द्वारा सरस्वती प्रतिमा पर पुष्प अर्पित तथा दीप प्रज्वलित कर किया गया। प्रशासनिक न्यायमूर्ति द्वारा कथन किया गया कि सभी व्यक्तियों को न्याय समान रूप से मिलना चाहिये। न्याय घर-घर पहुंचना चाहिये साथ ही समस्त न्यायिक अधिकारीगण लोक अदालत में सतर्क होकर कार्य करने तथा लोक अदालत में सुलह समझौता के आधार पर अधिक से अधिक वादों का निस्तारण कर लोक अदालत को सफल बनाने हेतु निर्देशित किया गया। माननीय न्यायमूर्ति जितेन्द्र कुमार सिन्हा, प्रशासनिक न्यायाधीश सत्र संभाग औरैया तथा जनपद न्यायाधीश मयंक चौहान द्वारा लोक अदालत के अवसर पर न्यायालय परिसर में लगे बैंकों के पंडालों तथा न्यायालयों का निरीक्षण किया ।
महेश कुमार, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण औरैया द्वारा बताया गया कि राष्ट्रीय लोक अदालत दिनांक 13.09.2025 में कुल 21304 वादों का निस्तारण हुआ, जिसमें कुल ऋण 15,123,202/- रूपये व 163,048/- रूपये के अर्थदण्ड की वसूली की गयी व 28,815,629/- रूपये का प्रतिकर प्रदान किया गया। जनपद न्यायाधीश मयंक चौहान द्वारा 06 वाद निस्तारित किये गये। पीठासीन अधिकारी एमएसीटी औरैया ने कुल 85 क्लेम तय कर पीड़ितों को 2,80,67,000/- रूपये का प्रतिकर एवार्ड दिया। प्रधान न्यायाधीश, परिवार न्यायालय, औरैया द्वारा 72 वाद तय किये गये। स्थाई लोक अदालत के अध्यक्ष रमेश कुमार सिंह द्वारा 7 वाद, जगन्नाथ मिश्रा अध्यक्ष उपभोक्ता फोरम द्वारा 2 वाद, अपर जिला जज प्रथम कु० पारूल जैन द्वारा विद्युत अधिनियम के 570 वाद, विशेष न्यायाधीश (एससीएसटी एक्ट) विकास गोस्वामी द्वारा 08 वाद, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) अखिलेश्वर प्रसाद मिश्रा द्वारा 06 वाद, सैफ अहमद अपर जिला जज तृतीय द्वारा 07 वाद, अतीकउददीन अपर जिला जज/एफटी०सी० प्रथम द्वारा 01 वाद, विनय प्रकाश सिंह, अपर जिला जज एफटीसी द्वितीय द्वारा 03 वाद, श्रीमती निधि सिसौदिया मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट औरैया द्वारा 1803 वाद, तारकेश्वरी प्रसाद सिंह सिविल जज (सी०डि०) औरैया द्वारा 514 वाद, विष्णुशंकर पाण्डेय सिविल जज (सी०डि०/एफटीसी) औरैया द्वारा 400 वाद, अरुण सिंह सिविल जज (जू०डि०) औरैया द्वारा 380 वाद, प्रवीण सिंह अपर सिविल जज (जू०डि०) बाह्य न्यायालय विधूना औरैया द्वारा 463 वाद, सुश्री शालिनी त्यागी न्यायिक मजिस्ट्रेट औरैया द्वारा 710 वाद, अनिल कुमार अपर सिविल जज जू०डि० औरैया द्वारा 225 वाद, श्रीमती निशा अली अपर सिविल जज (जू०डि०)/एफटीसी/महिलाओं के विरूद्ध अपराध) औरैया द्वारा 615 वाद, विजय प्रकाश सिविल जज (जू०डि०) / एफटीसी औरैया द्वारा 307 वाद, कुशाग्र मिश्रा अपर सिविल जज (जू०डि०) बिधूना द्वारा 436 वाद निस्तारित किये गये। इसके अलावा राजस्व विभाग द्वारा 8010 वाद, परिवहन विभाग द्वारा 2002 वाद, नगर पालिका व नगर पंचायत द्वारा 764, खण्ड विकास कार्यालय औरैया द्वारा 358, श्रीराम सिटी फाइनेन्स द्वारा 10 वाद, सब रजिस्ट्रार औरैया द्वारा 3067 वादों का निस्तारण किया गया। बैंकों द्वारा 286 वादों का निस्तारण कर 14,820 ,584/ रूपये की बैंक ऋण वसूली की गयी। भारत संचार निगम द्वारा 186 मामले निस्तारित किये गये। राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 01 प्री- लिटिगेशन पारिवारिक वाद भी निस्तारित हुआ। जनपद में दिनांक 10.09.2025, 11.09.2025 व 12.09.2025 को विशेष लोक अदालत तथा दिनांक-13.09. 2025 को आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 21640 वादों का निस्तारण किया गया। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में पूर्व राष्ट्रीय लोक अदालत से अधिक वादों का निस्तारण हुआ। ऐसा अभूतपूर्व प्रदर्शन न्यायमूर्ति जितेन्द्र कुमार सिन्हा, प्रशासनिक न्यायाधीश सत्र सभाग औरैया के निर्देशन में सम्भव हो पाया। उक्त कार्यक्रम में समस्त न्यायिक अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।







