FATEHPUR NEWS: जिले के हसवा विकास खंड क्षेत्र के अंतर्गत एकारी गांव में रेलवे विभाग द्वारा की जा रही बैरीकेटिंग के विरोध में सैकड़ों ग्रामीणों और किसानों ने विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि रेलवे लाइन के नीचे से होकर खेतों तक जाने वाला रास्ता बंद किया जा रहा है, जिससे किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। ग्रामीणों ने बताया कि रेलवे लाइन के दूसरी ओर गांव के किसानों की हजारों बीघा कृषि भूमि स्थित है, जहां रोजाना खेती-बाड़ी का कार्य होता है। फसल की बुआई, सिंचाई और कटाई के लिए किसान इसी रास्ते से आवागमन करते हैं। यदि यहां बैरीकेटिंग कर रास्ता बंद कर दिया गया तो किसानों को खेतों तक पहुंचने के लिए करीब तीन किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ेगी, जिससे समय और श्रम दोनों की बर्बादी होगी। ट्रैक्टर और अन्य कृषि यंत्रों का आवागमन भी बाधित हो जाएगा। प्रदर्शन के दौरान मो. इलियास, जफर, बल्लू, जितेंद्र दिवाकर, महेश, इरफान सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण व किसान मौजूद रहे। ग्रामीणों का कहना है कि इस समस्या को लेकर पहले भी रेलवे प्रशासन को ज्ञापन सौंपा जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। वहीं सूचना पर जीआरपी मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। इस दौरान किसान यूनियन के ब्लॉक अध्यक्ष उमेश परमार ने चेतावनी दी कि यदि रेलवे प्रशासन ने किसानों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो आगे व्यापक धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। मामले की जानकारी ग्राम प्रधान पति कमल साहू द्वारा पूर्व केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति को दी गई। उन्होंने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि समस्या का समाधान निकाला जाएगा। इसके बाद ठेकेदार मौके से वापस लौट गया। ग्रामीणों ने रेलवे प्रशासन से रास्ता बंद न करने की मांग दोहराई है।







