SIDHARTHNAGAR NEWS: मोबियस फाउंडेशन की आकार परियोजना के अन्तर्गत मंगलवार को जननी संस्था द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र मिठवल में नसबंदी शिविर आयोजित किया गया। शिविर में कुल 18 महिलाओं ने नसबंदी की सुविधा प्राप्त की। सीएचसी अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार रंजन ने बताया कि जननी टीम द्वारा ब्लॉक स्तर पर दी जा रही यह सुविधा सराहनीय और महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय कार्यकर्ताओं के सहयोग से अधिक से अधिक इच्छुक महिलाओं और पुरुषों को नसबंदी की सेवा उपलब्ध कराने का प्रयास जारी रहेगा। मोबियस फाउंडेशन के राज्य प्रतिनिधि एवं परियोजना संयोजक प्रभात कुमार ने जानकारी दी कि आकार परियोजना वर्तमान में उत्तर प्रदेश के आठ जिलों—बहराइच, श्रावस्ती, बाराबंकी, उन्नाव, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर, गोंडा और सीतापुर—में संचालित की जा रही है। परियोजना का मुख्य उद्देश्य परिवार नियोजन के प्रति समुदाय में जागरूकता और स्वीकार्यता बढ़ाना है। उन्होंने बताया कि ब्लॉक स्तर पर अधिक से अधिक शिविर लगाकर परिवार नियोजन की सभी आवश्यक सुविधाएँ लोगों तक पहुँचाई जा रही हैं। जननी की मोबाइल टीम प्रतिदिन गांव-गांव जाकर परिवार नियोजन के तरीकों, छोटा परिवार रखने के लाभ और बच्चों में उचित अंतराल रखने के महत्व के बारे में जागरूक करती है। जनपद प्रबंधक देवेंद्र सिंह ने बताया कि मोबाइल ‘काट’ वाहन गांवों में जाकर स्थायी एवं अस्थायी दोनों प्रकार की परिवार नियोजन सेवाओं के बारे में जानकारी देता है। जिनका परिवार पूरा हो चुका है, उन्हें स्थायी विधि अपनाने के लाभ भी समझाए जाते हैं। शिविर में जननी टीम के सर्जन डॉ. विवेक मिश्रा के साथ बीसीपीएम, बीपीएम, स्टाफ नर्स अमृता, नंदिता, ओटी टेक्नीशियन अंकुर, लैब टेक्नीशियन सचिन और परिवार नियोजन सलाहकार प्रीति मौजूद रहीं।







