PRATAPGARH NEWS: विकास खंड बाबागंज की ग्राम पंचायत अन्नावा में विकास कार्यों के नाम पर धांधली का मामला गरमाता जा रहा है। गाँव के ही एक जागरूक नागरिक विनोद कुमार मौर्य ने जिलाधिकारी प्रतापगढ़ को शिकायती पत्र और शपथ पत्र भेजकर ग्राम प्रधान रंजीत यादव और सचिव (सेक्रेटरी) पर मानकों की अनदेखी कर घटिया निर्माण कार्य कराने का आरोप लगाया है।
प्रमुख आरोप: पीली ईंट और मिट्टी का खेल शिकायतकर्ता का आरोप है कि गाँव में हो रहे इंटरलॉकिंग और खड़ंजा निर्माण में व्यापक अनियमितता बरती जा रही है। शिकायत के मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
घटिया सामग्री: इंटरलॉकिंग कार्य में मानक के विपरीत ‘दो नंबर’ (पीली) ईंटों का प्रयोग किया जा रहा है। सीमेंट की कमी: निर्माण में पर्याप्त मात्रा में सीमेंट और रोड़ी के मसाले का उपयोग नहीं हो रहा है, जिससे सड़क की मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे हैं। बालू की जगह मिट्टी: लेवलिंग के लिए गंगा की बालू की जगह खेतों की मिट्टी डाली जा रही है।
बिना टेंडर कार्य: आरोप है कि प्रधान और सेक्रेटरी ने मिलीभगत कर बिना किसी टेंडर प्रक्रिया के खेल का मैदान और कूड़ाघर जैसे कार्यों को मनमाने ढंग से शुरू करा दिया है।
नाली निर्माण की अनदेखी: सड़कों के किनारे जल निकासी के लिए नालियों का निर्माण नहीं कराया जा रहा है, जिससे भविष्य में जलभराव की समस्या पैदा होगी।
खातों के लेनदेन पर रोक लगाने की मांग
शिकायतकर्ता विनोद कुमार मौर्य ने शपथ पत्र (Affidavit) के माध्यम से शासन का ध्यान इस ओर खींचा है कि सरकारी धन (खाता संख्या 1 और 2) का जमकर दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी से मांग की है कि:
तत्काल प्रभाव से ग्राम पंचायत के खातों के लेनदेन पर रोक लगाई जाए। पूरे मामले की निष्पक्ष जाँच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाए। निर्माण कार्य की गुणवत्ता की तकनीकी जाँच कराई जाए। इन अधिकारियों को भेजी गई प्रतिलिपि
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए शिकायती पत्र की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश, मुख्य सचिव (पंचायत राज), मंडलायुक्त प्रयागराज और मुख्य विकास अधिकारी (CDO) प्रतापगढ़ को भी भेजी गई है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस शिकायत पर कितनी जल्दी संज्ञान लेता है और अन्नावा ग्राम पंचायत के विकास कार्यों की हकीकत क्या निकलकर सामने आती है।







