Home उत्तर प्रदेश हरदोई से गूंजा विकास का शंखनाद, गंगा एक्सप्रेस-वे राष्ट्र को समर्पित

हरदोई से गूंजा विकास का शंखनाद, गंगा एक्सप्रेस-वे राष्ट्र को समर्पित

प्रयागराज में सजीव प्रसारण, जनप्रतिनिधियों ने दीप जलाकर कार्यक्रम का किया शुभारंभ
PRAYAGRAJ NEWS: नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को हरदोई में आयोजित भव्य समारोह में नवनिर्मित गंगा एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण किया। इस ऐतिहासिक पल का सजीव प्रसारण जनपद प्रयागराज के ग्राम जुड़ापुर दांदू (सोरांव) में भी किया गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने कार्यक्रम को उत्साहपूर्वक देखा। मुख्य अतिथि सांसद फूलपुर प्रवीण पटेल ने दीप प्रज्ज्वलित कर स्थानीय कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विधायक दीपक पटेल, गुरू प्रसाद मौर्य, विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चैधरी, महानगर अध्यक्ष संजय गुप्ता, गंगापार अध्यक्ष निर्मला पासवान एवं जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद प्रवीण पटेल ने कहा कि गंगा एक्सप्रेस-वे देश के सबसे बड़े और महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में से एक है, जिससे प्रयागराज से दिल्ली की दूरी और समय दोनों में उल्लेखनीय कमी आएगी। उन्होंने कहा कि 2014 के बाद देश में बुनियादी सुविधाओं सड़क, बिजली, पानी के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव हुआ है और आज गांव-गांव तक विकास पहुंचा है। महिला सशक्तिकरण, स्वच्छ पेयजल, आवास योजनाओं और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से समाज के हर वर्ग को आगे बढ़ाने का कार्य किया जा रहा है। विधायक दीपक पटेल ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज एक्सप्रेस-वे के नेटवर्क में देश का अग्रणी राज्य बन चुका है और “डबल इंजन” सरकार के चलते प्रदेश में विकास की धारा निरंतर प्रवाहित हो रही है। वहीं, विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चैधरी ने कहा कि बेहतर सड़कों और कनेक्टिविटी से व्यापार, रोजगार और निवेश के नए अवसर पैदा होते हैं। उन्होंने सरकार की परियोजनाओं को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरा करने की सराहना की।
जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने गंगा एक्सप्रेस-वे की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इसकी कुल लंबाई लगभग 594 किमी है, जो 12 जनपदों से होकर गुजरती है। प्रयागराज में इसकी लंबाई करीब 16 किमी है। छह लेन वाले इस एक्सप्रेस-वे पर 120 किमी प्रति घंटा की गति से वाहन चल सकेंगे, जिसे भविष्य में और विस्तारित किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि इस परियोजना से यातायात सुगम होगा, व्यापार को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। कार्यक्रम के अंत में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को उत्सवमय बना दिया। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की उपस्थिति ने इस आयोजन को जनभागीदारी का प्रतीक बना दिया।