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संगम नाम से बनी शराब के बिक्री पर सनातनियों में भारी नाराज़गी आन्दोलन कि दी चेतावनी

PRAYAGRAJ NEWS: प्रयागराज में ‘संगम’ शब्द नदियों के मिलन से अधिक करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था और सनातन परंपरा का प्रतीक है। इसी पवित्र नाम को शराब ब्रांड से जोड़ने पर धार्मिक समुदाय और सनातन धर्मियों में गहरी नाराजगी है। संतों का मानना है कि जिस ‘संगम’ में लोग मोक्ष और आत्मशुद्धि के लिए स्नान करते हैं, उस पवित्र नाम का शराब बिक्री में उपयोग आस्था का मजाक उड़ाना है। 2025 महाकुंभ में 66 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं के आगमन के केंद्र के रूप में ‘संगम’ को शराब ब्रांड से जोड़ना धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कदम माना जा रहा है। संत समाज ने चेतावनी दी है कि यदि ‘संगम’ नाम से शराब बिक्री रोकी नहीं गई तो व्यापक आंदोलन हो सकता है। रामपुर डिस्टिलरी में निर्मित महंगे ब्रांड की इस शराब को सनातन का अपमान कहा जा रहा है। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद व मां मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से ‘संगम’ नाम से शराब बिक्री पर रोक लगाने की मांग की है। प्रयाग धर्म संघ के अध्यक्ष राजेंद्र पालीवाल कहते हैं कि संगम आस्था और पवित्रता का प्रतीक है। धन की लालच में शराब का नाम ‘संगम’ रखना घृणित कृत्य है। वहीं, आबकारी विभाग प्रयागराज मंडल के उपायुक्त राजेंद्र प्रसाद का कहना है कि ब्रांड का नाम मुख्यालय से तय होता है। उन्हें ‘संगम’ नाम को लेकर विरोध की जानकारी नहीं है। यदि कोई नाराजगी व्यक्त करता है, तो उसकी रिपोर्ट मुख्यालय भेजी जाएगी। रामपुर डिस्टिलरी के निदेशक अमर सिंह का कहना है कि रेडिको खेतान की रामपुर डिस्टिलरी का सिंगल माल्ट “संगम” पुराना ब्रांड है और किसी तरह के विरोध की जानकारी नहीं है। श्रीधरानंद ब्रह्मचारी, महंत श्रीमनकामेश्वर महादेव मंदिर कहते हैं कि सदियों से ‘संगम’ के पवित्र जल में मनुष्य तर रहा है। इसे शराब से जोड़ना घृणित कृत्य है और इसके खिलाफ कार्यवाही होनी चाहिए। महंत रवींद्र पुरी, अध्यक्ष अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद व मां मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट हरिद्वार कहते हैं कि शराब का नाम ‘संगम’ सुनकर मन व्यथित है। पैसे की लालच में आस्था से मजाक नहीं उड़ाया जा सकता। बिक्री रोकी जाए अन्यथा अखाड़ा परिषद विरोध के लिए बाध्य होगी। जगदगुरु स्वामी महेशाश्रम, पीठाधीश्वर सनातन ज्ञान पीठ कहते हैं कि भक्तों ने बताया था कि बाजार में ‘संगम’ नाम से शराब आई है। उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर उसकी बिक्री पर रोक लगाने की मांग की है।