Home उत्तर प्रदेश विश्व किडनी दिवस: एपेक्स ट्रस्ट संस्थानों में जागरूकता सत्र आयोजित

विश्व किडनी दिवस: एपेक्स ट्रस्ट संस्थानों में जागरूकता सत्र आयोजित

CHUNAR/MIRZAPUR NEWS: विश्व किडनी दिवस के अवसर पर एपेक्स वेलकेयर ट्रस्ट द्वारा संचालित एपेक्स ट्रस्ट हॉस्पिटल एंड डायग्नोस्टिक तथा शिक्षण संस्थान—आयुर्वेद, फार्मेसी, ट्रस्ट नर्सिंग एवं पैरामेडिकल, चुनार में किडनी स्वास्थ्य को लेकर एक विशेष जागरूकता सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम एपेक्स के चेयरमैन प्रो. (डॉ.) एस. के. सिंह की संरक्षता में संपन्न हुआ।
इस वर्ष की अंतरराष्ट्रीय थीम “Kidney Health for All: Caring for People, Protecting the Planet” को केंद्र में रखते हुए आयोजित इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने किडनी स्वास्थ्य से जुड़ी आवश्यक जानकारियाँ साझा कीं तथा किडनी रोगों की समय रहते पहचान और रोकथाम के उपायों पर विस्तार से चर्चा की।
कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. आशीष मिश्रा (एसोसिएट प्रोफेसर, एपेक्स इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी) के स्वागत भाषण एवं विषय परिचय से हुई। उन्होंने कहा कि किडनी हमारे शरीर के महत्वपूर्ण अंगों में से एक है और इसके स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता अत्यंत आवश्यक है।
मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. विनीत ओझा (एमबीबीएस, एमडी एनेस्थिसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर, IMS-BHU) ने क्रिटिकल केयर में होने वाली एक्यूट किडनी इंजरी (AKI) की समय रहते पहचान, इसके कारणों तथा उपचार और रोकथाम के उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। इसके साथ ही आयुर्वेद के माध्यम से किडनी रोगों की रोकथाम विषय पर वैद्य गौरी चौहान (बीएएमएस, एमडी – विभाग: कायचिकित्सा) ने आयुर्वेदिक जीवनशैली, संतुलित आहार और प्राकृतिक उपचार पद्धतियों के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने बताया कि नियमित दिनचर्या, सही खान-पान और प्राकृतिक उपचार पद्धतियों के माध्यम से कई किडनी रोगों से बचाव संभव है।
इस अवसर पर डॉ. अंकिता पटेल (एमडी क्लिनिकल ऑन्कोलॉजिस्ट) ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय में अनियमित जीवनशैली, असंतुलित खान-पान तथा समय पर स्वास्थ्य जांच न कराने के कारण किडनी रोगों के मामलों में लगातार वृद्धि हो रही है। उन्होंने लोगों को नियमित स्वास्थ्य जांच कराने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और संतुलित आहार अपनाने की सलाह दी। कार्यक्रम का संचालन ट्रस्ट नर्सिंग की फैकल्टी ज्योतिश्री मौर्या ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अंजली गौतम (असिस्टेंट प्रोफेसर, एआईएएमएच) द्वारा प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने सहभागिता करते हुए किडनी स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।